डीएसओ ने बताया कि पता चला छापे के वक्त आरोपी शीतल पड़ोसी की मदद से छत से भाग गई। चावल जब्त कर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कराया जा रहा है। पहली बार राशन की कालाबाजारी में महिला का नाम सामने आया है।
फेरी वालों से करती थी स्टॉक
डीएसओ ने बताया कि आरोपी महिला फेरी वालों से 30 रुपये किलो के भाव से चावल खरीदती थी। फेरी वाले कार्डधारकों से 24-25 रुपये प्रति किलो के भाव से खरीदते थे। यहां रोजाना फेरी वाले आकर चावल बेचते थे। इकट्ठा होने पर ये दूसरे राशन माफिया तक पहुंचाती थी। सख्ती होने के कारण ये राशन को ठिकाने नहीं लगा पाई। इसके तार दूसरे राज्यों के राशन माफिया से भी हैं, जो आटा चक्की, ढाबा-रेस्तरां समेत अन्य को कालाबाजारी करती थी। इसकी पुलिस जांच कर रही है।