गोबर चौकी, बल्देव नगर निवासी वीरेश राठौर की याचिका पर शुक्रवार को हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। जिसमें राज्य सरकार के अलावा मंडलायुक्त, डीएम, नगरायुक्त और एसडीएम को भी पक्षकार बनाया गया है। याचिकाकर्ता ने बताया कि मौजा बसई मुस्तकिल में गाटा संख्या 1087 में राजस्व अभिलेख में रास्ता दर्ज है। नगर निगम प्रबंधन की भूमि है।
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एक ट्रस्ट के अधिकारियों ने तथ्यों को छिपाकर पट्टा विलेख की आड़ में रास्ते की भूमि को बेच दिया। गाटा संख्या 1087 नॉन जेड ए अभिलेख में सार्वजनिक उपयोग की भूमि के रूप में दर्ज है। सड़क भूमि पर मकान, दुकान व अन्य निर्माण खड़े करने वाले राजनीतिक दलों और भूमाफिया प्रवृत्ति के लोग शामिल हैं। दो साल में एक दर्जन से अधिक शिकायत दर्ज कराईं, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर हाईकोर्ट में याचिका दायर की है।