फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विश्वविद्यालय में भ्रष्टाचार: एसटीएफ ने शुरू की पुनर्मूल्यांकन की जांच, जब्त की जाएंगी 1500 छात्रों की कॉपियां

Wed, 07 Dec 2022 12:14 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

निजी कॉलेजों से लेनदेन कर नियम विरुद्ध पुनर्मूल्यांकन की शिकायत भी हुई। इसे सही साबित करने के लिए 19 नवंबर को परीक्षा समिति में इस मामले को रखा गया, जहां सदस्यों ने हंगामा किया और अनुमोदन नहीं किया।
 
विज्ञापन
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में एमबीबीएस (बैचलर ऑफ मेडिसिन एंड सर्जरी), बीएएमएस (बैचलर ऑफ आयुर्वेद मेडिसिन एंड सर्जरी) के बाद बीएचएमएस (बैचलर ऑफ होम्योपैथिक मेडिसिन एंड सर्जरी) में फर्जीवाड़े की भी जांच शुरू हो गई है। तब प्रभारी कुलपति रहे प्रो. विनय पाठक के बीएचएमएस पुनर्मूल्यांकन खेल की एसटीएफ ने जांच शुरू कर दी है। इसमें 14 मेडिकल कॉलेजों के 1500 छात्र जांच की जद में आ गए हैं। प्रो. पाठक ने विश्वविद्यालय के नियम विरुद्ध पुनर्मूल्यांकन कराया था। 
विज्ञापन


बीएचएमएस के छात्रों का बीते अप्रैल में मूल्यांकन हुआ था, जिसमें 80 फीसदी से अधिक छात्र फेल हो गए थे। इसके बाद जुलाई में इनका प्रो. पाठक ने नियम के विरुद्ध पुनर्मूल्यांकन कराया और इसमें सभी छात्र पास हो गए, जबकि विश्वविद्यालय में चुनौती मूल्यांकन का ही प्रावधान है। इसमें संबंधित छात्र शुल्क जमा कर अपने प्राप्तांकों को चुनौती दे सकता है। इसके बाद संबंधित छात्र की कापी का दोबारा मूल्यांकन कराया जाता है। 

लगाए गए थे ये आरोप

मामले में निजी कॉलेजों से लेनदेन कर नियम विरुद्ध पुनर्मूल्यांकन की शिकायत भी हुई। इसे सही साबित करने के लिए 19 नवंबर को परीक्षा समिति में इस मामले को रखा गया, जहां सदस्यों ने हंगामा किया और अनुमोदन नहीं किया। इसमें सदस्यों ने ये भी आरोप लगाए कि प्रति कुलपति और परीक्षा नियंत्रक के हस्ताक्षर के नीचे तिथि ही बदल दी गई थी। 

ये भी पढे़ं - Agra: दिव्यांग छात्र ने स्कूल की तीसरी मंजिल से क्यों लगाई छलांग? वाट्सएप चैट से खुलेगा घटना का राज
विज्ञापन
विज्ञापन

 

एसटीएफ ने शुरू की जांच

मामले की एसटीएफ ने जांच शुरू कर दी है और इसका विवरण जुटाया है। जल्द ही एसटीएफ इनकी कॉपियां भी जब्त कर जांच करवाएगी। कुलपति प्रो. आशु रानी का कहना है कि परीक्षा समिति में इस मामले पर चर्चा हुई थी, जिसके बाद इसका अनुमोदन नहीं हुआ है। जांच में एसटीएफ का सहयोग किया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें