प्राचीन केशव देव मंदिर में कृष्ण का दुग्धाभिषेक करते सेवायत
- फोटो : अमर उजाला
मथुरा के प्राचीन केशव मंदिर में मंगलवार की रात भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव उमंग और उल्लास के साथ मनाया गया। रात को मंदिर परिसर में बधाई गायन के बीच ठाकुरजी के श्री विग्रह का अभिषेक हुआ। मंदिर की आकर्षक सजावट श्रद्धालुओं का मनमोह रही थी। इससे पूर्व प्रात: काल गुलाब जल से ठाकुरजी का अभिषेक कर आकर्षक शृंगार किया गया। इसके बाद आरती उतारी गई। 10 से 12 बजे तक मंदिर सेवायतों ने समाज गायन किया।
भगवान के जगमोहन को रंग-बिरंगी विद्युत लाइटों से सजाया गया। भगवान का केला के पत्तों से बंगला सजाया गया। शाम को श्री कृष्णा सामूहिक संकीर्तन मंडल के भक्तों द्वारा ठाकुर जी की सेवा में भजन प्रस्तुत किए। ‘यशोदा जायौ ललना मैं वेदन में सुन आई...’, ‘पलना झुलायौ कन्हैया गोकुल में...’, ‘हाथी घोड़ा पालकी जय कन्हैया लाल की...’ आदि भजन गाए।
कन्हैया के जन्म की घड़ी के परम आनंद के इंतजार ने उनके भक्तों को व्याकुल कर दिया। रात 10.30 से भगवान को चांदी के सिंहासन पर विराजमान किया। इसके बाद ठाकुर केशव देव का केसर युक्त दूध, दही, बुरा, शहद और घी से वेद पाठी ब्राह्मणों द्वारा मंत्रोच्चारण और शंखनाद के बीच पंचामृत अभिषेक मदन मोहन गोस्वामी, श्यामाचरण गोस्वामी, बिहारी लाल गोस्वामी, डॉ. अमित गोस्वामी व जगदीश गोस्वामी द्वारा संयुक्त रूप से कराया गया।
प्राचीन केशव देव मंदिर
- फोटो : अमर उजाला
अभिषेक के बाद भगवान को गुलाब इत्र लगाया गया, रत्न जड़ित पोशाक और रत्न जड़ित हार ठाकुर जी को पहनाये गए। ठाकुर जी को मेवा युक्त मिगी पाग, धनिया, पंजीरी आदि का प्रसाद लगाया गया। ठाकुर जी की अभिषेक के समय उपस्थित बंधुओं के भगवान श्री कृष्ण के जयकारों से मंदिर प्रांगण गूंज उठा। ठाकुरजी की महाआरती उतारी गई।
मंदिर कमेटी अध्यक्ष पंडित सोहन लाल शर्मा एडवोकेट, बीएल गुप्ता, महेश गोयल, मनमोहन सर्राफ, सुरेश अग्रवाल, राकेश शर्मा, विपिन अग्रवाल, नंदू अग्रवाल आदि मंदिर सेवा में सरकार की गाइड लाइन को ध्यान में रखते हुए लगे हुए थे। मीडिया प्रभारी नारायण प्रसाद शर्मा ने बताया कि मंदिर प्रांगण आम भक्तों के लिए बंद था। प्रांगण में सेवायतों एवं प्रबंध कमेटी के सदस्यों ने ही यह कार्यक्रम अंदर ही संपन्न किया।