पिछले 15 दिनों से सर्वर की खराबी के चलते खाद वितरण प्रभावित है और बाजरा जैसी फसलों के लिए समय पर यूरिया नहीं मिल पा रही है। जनप्रतिनिधियों और किसान नेताओं ने पीओएस की अनिवार्यता खत्म कर वैकल्पिक व्यवस्था लागू करने की मांग की है।
आगरा में पिछले पंद्रह दिनों से उर्वरक विक्रय के लिए बायोमेट्रिक करने वाली पॉइंट ऑफ सेल (पीओएस) मशीन काम नहीं कर रही हैं। किसान खाद के लिए सहकारी समिति और निजी उर्वरक दुकानों के चक्कर लगा रहे हैं। शुक्रवार को भी सर्वर डाउन रहा, इससे कई जगह किसानों को खाद मिला गया तो कहीं उन्हें खाली हाथ लौटना पड़ा।
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खाद लेने में लगा आधा घंटा
ब्लॉक फतेहाबाद की साधन सहकारी समितियों पर कई को आधे घंटे इंतजार के बाद खाद मिल सकी। जरारी समिति पर यूरिया लेने आए किसान टीकतपुरा खंडेर निवासी महेंद्र सिंह ने बताया कि वह दोपहर करीब एक बजे खाद लेने पहुंचे थे, लेकिन सर्वर गति धीमा होने के कारण बायोमेट्रिक सत्यापन में आधा घंटा लग गया। यही हाल साधन सहकारी समिति भलोखरा और नगरचंद पर रहा था।
14 दिन बाद भी नही मिली खाद
किरावली में सहकारी समिति बहुउद्देशीय अभैदोंपुरा पर खाद लेने आए गांव बाकंदा खास निवासी बिहारी सिंह और गांव नगला श्यौराम निवासी हरीशंकर ने बताया कि समिति में खाद होने के बाद भी पीओएस मशीन में अंगूठा ही मान्य नहीं कर रही है। अभी खाद नहीं मिली है।
दो घंटे ही बंट सकी खाद, लगी रही लाइन
एत्मादपुर में कृषक सेवा केंद्र सवाई पर खाद के लिए किसानों की लाइन लगी रही। केंद्र प्रभारी अनुज कपूर ने बताया कि सुबह 9 से 11 बजे तक सर्वर ने सही काम किया। इस बीच 39 किसानों को यूरिया मिल गया। किसानों की लाइन लगी रही खाद का वितरण नहीं हो पाया।
चार दिन से लौट रहे खाली हाथ
अकोला में क्षेत्रीय सहकारी समिति पर खाद लेने को पहुंचे किसान रामवीर सिंह और सत्यभान सिंह ने बताया कि वह चार दिन से यूरिया के लिए आ रहे हैं। पीओएस मशीन ने बायोमेट्रिक पूरी नहीं की। बिना खाद लौटना पड़ा रहा है।
बाजरा में कब लगाएंगे यूरिया
कागारौल के गांव औरंगपुर के केदार सिंह और बघा के खलील खान किसानों ने बताया कि बाजरा में यही समय यूरिया लगने का है। दो-चार दिन और खाद नहीं मिली तो बाजरा में कब यूरिया लगाएंगे। संवाद
मशीन की अनिवार्यता हो खत्म
किसानों की समस्याओं को देखते हुए फतेहपुर सीकरी विधायक चौधरी बाबूलाल ने कृषि मंत्री को पत्र लिख पीओएस की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग की है। वहीं किसान नेता मोहन सिंह चाहर ने अधिकारियों से सर्वर सही होने तक वैकल्पिक व्यवस्था की मांग की है।