जागृत हुआ आत्म सम्मान, युवती ने वापस ली झूठी शिकायत
-मामूली विवाद में युवक के खिलाफ दर्ज कराई थी दुष्कर्म की रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
मैनपुरी। एडीजी आगरा की ऑपरेशन जागृति की मुहिम साकार रूप लेती नजर आ रही है। कस्बा बेवर में आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने के बाद एक युवती का आत्म सम्मान जाग गया। न्यायालय में युवक पर लगाए गए दुष्कर्म के झूठे आरोप को स्वीकार किया। बताया कि मामूली विवाद में बहकावे में आकर उसने ऐसा किया था। उसे एहसास हो चुका है कि झूठ का कोई वजूद नहीं होता।
ऑपरेशन जागृति की मुहिम छेड़नी वाली एडीजी आगरा अनुपम कुलश्रेष्ठ ने झूठे मुकदमों की जिस कुप्रथा पर प्रहार के लिए मुहिम छेड़ी है। वह अब साकार होती नजर आ रही है। कस्बा बेवर में ऑपरेशन जागृति के एक कार्यक्रम में शामिल होने के बाद एक युवती का आत्म सम्मान जागा। उसने निर्णय लिया कि अब वह झूठ का सहारा नहीं लेगी। थाना पुलिस पुलिस के पास जाकर कहा कि उसने एक युवक के खिलाफ दुष्कर्म का झूठा मुकदमा दर्ज कराया है। इसके बाद पुलिस ने न्यायालय में 164 के बयान कराए। जिसमें युवती ने अपनी भूल को स्वीकार करते हुए कहा कि मेरे साथ कोई गलत काम नहीं हुआ है। विपक्षी से रंजिश होने के कारण और पिता के कहने पर झूठी रिपोर्ट दर्ज कराई थी। ऑपरेशन जागृति कार्यक्रम से उसे अहसास हो गया है कि झूठ का कोई वजूद नहीं होता। वह भविष्य में अपनी किसी भी लड़ाई में सच के साथ रहेगी।
युवती का निर्णय से बदलेंगी कई सोच
एसपी विनोद कुमार का कहना है कि जिस सोच को सार्थक बनाने के लिए एडीजी आगरा ने ऑपरेशन जागृति अभियान शुरू किया है। वह जिले में सफल होता नजर आ रहा है। युवती ने जिस तरह अपनी गलती को स्वीकार किया। सच का साथ देते हुए झूठ का दामन छोड़ा है, वह काबिले तारीफ है। इस निर्णय से निश्चय ही कई सोच बदलेंगी। उम्मीद है जल्द ही मुहिम के और भी बेहतर परिणाम सामने आएंगे।