मैनपुरी। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के आवेदनों में कमियों की भरमार है। इसे सही कराने के लिए उप कृषि निदेशक कार्यालय और तहसीलों पर कार्य चल रहा है। शासन ने आवेदन में संशोधन के नियमों में बदलाव किया है। अब केवल आवेदन करने वाले किसान स्वयं ही संशोधन करा सकेंगे। आदेश आने के बाद किसानों की मुश्किलों और भी बढ़ गई हैं।
जिले में सबसे अधिक कमियां आवेदनों में नाम को लेकर हैं। आवेदनकर्ताओं के नाम पंजीकरण में कुछ और हैं तो वहीं आधार में कुछ और हैं। अब तक कोई भी व्यक्ति आधार की प्रति देकर संशोधन करा सकता था। लगातार सामने आ रही शिकायतों के बाद अब शासन ने ये निर्णय लिया है कि अब केवल आवेदन करने वाले किसान ही स्वयं उपस्थित होकर संशोधन करना सकेंगे। साथ ही उन्हें काउंटर पर ही अपने आधार की प्रति पर हस्ताक्षर करने होंगे। इससे अब किसानों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। आदेश आने के बाद कई किसानों को कार्यालय से मायूस ही लौटना पड़ रहा है।
हाईलाइट्स
-3.84 लाख हैं जिले में कुल किसान
-2.20 लाख हैं किसान सम्मान निधि के लाभार्थी
-1.55 लाख आवेदनों में होना है संशोधन
संशोधन कार्य किया जा रहा
किसान सम्मान निधि के डाटा में संशोधन का कार्य किया जा रहा है। इसमें शासन ने सख्त आदेश दिए हैं आवेदन करने वाले किसान को ही इसमें संशोधन कराने के लिए आना होगा। किसान को आधार की हस्ताक्षरित प्रति भी उपलब्ध करानी होगी
डीवी सिंह, उप कृषि निदेशक।