अछनेरा, रायभा स्थित गोदाम पर 280 कुंतल चावल 10 सितंबर को पूर्ति विभाग ने जब्त किया था। तत्कालीन डीएम भानुचंद्र गोस्वामी के निर्देश पर कार्रवाई की गई। गोदाम में सार्वजनि वितरण की 62 सरकारी सील लगी बोरियां भी बरामद की गई। जांच में पता चला कि इन बोरियों को सुनियोजित ढंग से ट्रक से पार किया जाता था।
इस खेल का मास्टर माइंड सुमित अग्रवाल फरार है। मुकदमा दर्ज के 11 दिन बाद भी पुलिस पकड़ नहीं सकी। पुलिस की जांच में भी कई राज खुल सकते हैं। उधर, मलपुरा का मुनाफाखोर हेमेंद्र उर्फ गोपाल भी सरकारी राशन की बोरियों का अवैध भंडारण कर बेचता था। दोनों के विरुद्ध 8 से 10 मुकदमे दर्ज हैं। आरोप है कि इनके इस खेल में इलाका पुलिस भी शामिल है।
एडीएम की जांच को आ सकते हैं अपर आयुक्त
राशन माफिया से संबंधों के आरोप में कलेक्ट्रेट से हटाई गईं एडीएम नागरिक आपूर्ति सुशीला अग्रवाल की जांच के लिए लखनऊ से अपर आयुक्त जांच के लिए आगरा आ सकते हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय तक शिकायत पहुंचने के बाद सुशील अग्रवाल को एडीएम पद से हटाया गया है। शासन स्तर से जांच के लिए टीम गठित की गई है। उधर, कलेक्ट्रेट में दिनभर एडीए को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं होती रहीं।