बवाल के बाद सड़क पर सन्नाटा (फाइल फोटो)
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नागरिकता संशोधन बिल के विरोध में शुक्रवार को भड़के उपद्रव के बाद सुहाग नगरी अब सामान्य स्थिति की ओर बढ़ रही है। लेकिन अमन की कोशिशों के बीच तनाव और दहशत का कोहरा अभी घिरा हुआ है। दोपहर ढाई बजे बाजार में अचानक भगदड़ मच गई।
दुकानों के शटर अचानक गिरने लगे। पुलिस ने इमामबाड़ा चौराहे पर चेकिंग के दौरान पिस्टल सहित बाइक सवार युवक को हिरासत में लिया। वहीं रसूलपुर क्षेत्र में बोतल में पेट्रोल ले जाते व्यक्ति को हिरासत में लिया गया।
सोमवार को तमाम कोशिशों के बाद भी मुस्लिम बहुल क्षेत्र में कुछे एक दुकानें ही खुली। उपद्रव प्रभावित क्षेत्र में बाजार पूरी तरह से बंद रहा। सीआरपीएफ डेरा डाले रही।
थाना रसूलपुर क्षेत्र में नाले की पुलिया पर पुलिस ने चेकिंग के दौरान स्कूटर की डिग्गी से पेट्रोल से भरी बोलत मिली। नालबंदान चौराहे के पास से एक कार की चेकिंग में भी बोतल में पेट्रोल भरा मिला। इस कार की चेकिंग खुद जिलाधिकारी चंद्र विजय सिंह ने कराई।
जिन लोगों के पास से पेट्रोल मिला पुलिस उन्हें हिरासत में थाने ले आयी। इमामबाडा के पास पुलिस ने चेकिंग के दौरान बाइक सवार युवक को रोका। युवक से पुलिस ने पिस्टल बरामद की। एसएसपी सचिंद्र पटेल ने बताया कि पिस्टल के बारे में पता कराया जा रहा है युवक हिरासत में है।
पुलिस जगह-जगह चेकिंग कर रही थी इसी दौरान दोपहर करीब ढाई बजे इमामबाड़ा क्षेत्र की तरफ से भगदड़ मची और सिनेमा चौराहा तक दुकानों के शटर धड़ाधड़ गिरना शुरू हो गए। दुकानों के शटर गिरते ही दुकानों पर खरीदारी कर रहे लोग भागने लगे। थाना उत्तर के सामने जलेसर तक भगदड़ मच गई। बाजार में पहले ही काफी मात्रा में पुलिस फोर्स था।
पुलिस अधिकारियों ने दुकानदारों को समझाया कोई बात नहीं है, अफवाह पर ध्यान न दें। दुकानों को खोले। कुछ देर बाद दुकानदारों ने बंद दुकानें फिर खोल लीं। उधर सुबह मौलाना और मुस्लिम समाज के प्रमुख लोगों ने दुकानदारों को समझा कर बाजार खुलवाने की कोशिश की। पुलिस के अधिकारी भी साथ रहे। तीन दिन बाद सोमवार को हाईवे से बैरियर हटा दिए गए और वाहनों का आवागमन शुरू किया गया।