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पोस्टमार्टम के बाद बदल गईं लाशें, घर में चेहरा खुला तो निकला कोई और

Thu, 16 Nov 2017 04:00 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला आगरा
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आगरा में एसएन मेडिकल कालेज स्थित पोस्टमार्टम हाउस पर कर्मचारियों की लापरवाही से दो लाशों की अदला-बदली हो गई। इसकी जानकारी परिजनों को शव घर पहुंचने पर हुई। 
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एक मृतक के परिवारीजनों ने हंगामा कर दिया। घटिया रोड पर जाम भी लगाया। पुलिस ने किसी तरह उन्हें शांत किया। दो घंटे बाद शवों को बदलकर फिर से परिजनों के सुपुर्द किया गया। 

नाला बुढ़ान सैय्यद, घटिया निवासी महेंद्र (55) पुत्र श्रीचंद्र बाईंपुर में कबाड़े का काम करता था। बुधवार सुबह नौ बजे सिकंदरा ओवरब्रिज स्थित रेलवे लाइन के पास उसकी लाश मिली। 
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उसके शरीर पर चोट के निशान थे। सिकंदरा पुलिस के मुताबिक, महेंद्र की मौत ट्रेन की चपेट में आने से होने की आशंका है। सिकंदरा पुलिस दोपहर डेढ़ बजे शव को पोस्टमार्टम के लिए ले गई। 

सुबह सरोजपुरा, सैंया निवासी कोमल (22) पुत्र प्रीतम सिंह की इरादत नगर क्षेत्र में ट्रैक्टर की चपेट में आकर मौत हो गई थी। दोपहर ढाई बजे कोमल का शव पुलिस पोस्टमार्टम हाउस पर लेकर आई। 

आधा घंटे के अंतराल पर दोनों शवों के पोस्टमार्टम किए गए। शाम चार बजे कर्मचारी ने आवाज लगाई। परिवारीजन नहीं आए। शवों को शव कक्ष से बाहर लाकर रख दिया गया।

शवों को परिवारीजनों को सौंपने से पहले कपड़े से सील किया जाता है। कोमल और महेंद्र के शव भी सील किए जा चुके थे। कुछ देर बार परिवारीजन आए और शवों को लेकर चले गए।
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कर्मचारियों की लापरवाही

मृतक महेंद्र के परिवारीजनों ने आखिरी बार चेहरा देखने के लिए सील खोली तो शव युवक का था। यह देख उनके होश उड़ गए। शव दूसरा देने पर परिवारीजनों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। घटिया रोड पर आकर जाम लगा दिया। इसकी जानकारी पर पुलिस पहुंच गई। पुलिस के समझाने पर वह शव को लेकर पोस्टमार्टम हाउस आए। 

उधर, कोमल के परिवारीजन भी शव वापस ले आए। कर्मचारियों की लापरवाही पर यहां भी हंगामा किया गया। हालांकि शाम छह बजे दोनों शवों को उनके परिवारीजनों के सुपुर्द कर दिया गया। एसओ एमएम गेट ने बताया कि किसी तरह की शिकायत नहीं की गई। लापरवाही की वजह से ऐसा हुआ है। 

सीएमओ डॉ. मुकेश वत्स का कहना है कि पोस्टमार्टम के बाद चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों ने एक साथ शव रखे हुए थे। भूलवश परिजन दूसरे शव को लेकर चले गए। पोस्टमार्टम तय नाम से ही हुआ है। 
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