कासगंज। स्वास्थ्य विभाग व डब्ल्यूएचओ के समन्वय से नियमित टीकाकरण के लिए माइक्रोप्लान को गुणवत्तापूर्ण बनाने को लेकर जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यशाला में प्रत्येक गांव की सभी गर्भवती महिलाओं को माइक्रोप्लान में शामिल करने पर जोर दिया गया। साथ ही 25 से 31 मई तक बच्चों और गर्भवती महिलाओं का सर्वे कराने के संबंध में जानकारी दी गई।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. अंजुश सिंह ने बताया कि शून्य से दो वर्ष तक के छूटे हुए बच्चों का नियमित टीकाकरण शत प्रतिशत कराया जाए। टीबी, काली खांसी, गल घोंटू, तपेदिक, दिमागी बुखार, पीलिया, पोलियो, निमोनिया, खसरा, जानलेवा बीमारियों से बचाव के लिए टीकाकरण कराना बहुत जरूरी है। 25 मई से 31 मई तक घर-घर जाकर सर्वे कराया जाए और ड्युलिस्ट अपडेट की जाएगी।
एसएमओ हार्दिक कंजारिया ने बताया कि 24 मई तक बीपीएम द्वारा एएनएम व आशा को ट्रेनिंग दी जाएगी। 1 जून से 4 जून तक सभी ब्लॉक माइक्रोप्लान तैयार कर 6 जून तक जिले को सबमिट कर दें, जिससे 6 जून तक राज्यस्तर पर भेजा जा सके। यूनिसेफ जिला समन्वयक अनुराग दीक्षित ने बताया कि सभी ब्लॉक पर यूनिसेफ ब्लॉक मोबालाइजर द्वारा माइक्रोप्लान के लिए जानकारी दी जाएगी, और नियमित टीकाकरण के लिए समझाया जाएगा। यूएनडीपी कोल्ड चेन मेनेजर हसरत अली ने कोल्ड चेन रखरखाव व कोविड पोर्टल के बारे में जानकारी दी।
क्लिंटन हेल्थ एक्सेज जिला समन्वयक विजय गर्ग ने टीकाकरण रिकॉर्डिंग और रिपोर्टिंग के साथ सुपरवाइजर एप के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान डॉ. सुनंदा सिंह, यूनिसेफ एसआरसी खालिद शरफुद्दीन, निसार खान, डीपीएम पवन कुमार, डीसीपीएम केपी सिंह, मुहम्मद यूसुफ, डब्ल्यूएचओ प्रतिनिधि शैलेंद्र कुमार मौजूद रहे।