मैनपुरी। जिला कारागार की बैरक में बुधवार दोपहर फंदा लगाकर खुदकुशी करने वाले राम जीवन के शव का बृहस्पतिवार सुबह पुलिस की निगरानी में पैतृक गांव पड़री में अंतिम संस्कार किया गया। एसपी ग्रामीण ने भी कुर्रा थाने पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया।
थाना कुर्रा क्षेत्र के गांव पड़री निवासी रामजीवन (25) को कुर्रा ने 10 अक्तूबर को इटावा के रहने वाले एक दंपती से लूट के मामले में भाई विकास के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा था। परिजन की ओर से जमानत के लिए याचिका डाली गई थी, जो कि खारिज हो गई थी। इसकी जानकारी रामजीवन को हो गई थी। बुधवार को रामजीवन ने बैरक में शर्ट का फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली थी। जिसके बाद परिजन ने कुर्रा पुलिस पर फंसाने का आरोप लगाते हुए मौत का जिम्मेदार बताया है।
देर रात को बंदी के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद बृहस्पतिवार सुबह तड़के शव परिजन के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस बल के साथ शव पैतृक गांव पड़री पहुंचा तो चीख पुकार मच गई। इस दौरान गांव में पुलिस बल मौजूद रहा, पुलिस की निगरानी के बीच सुबह रामजीवन के शव का अंतिम संस्कार किया गया। एसपी ग्रामीण राहुल मिठास ने बताया कि बंदी ने जेल में खुदकुशी की थी, परिजन की ओर से अभी तक लिखित पर कोई भी शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। यदि कोई शिकायत मिलती है तो उस पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
फंदा कसने से हुई थी मौत
जिला कारागार में खुदकुशी करने वाले रामजीवन की मौत फंदा कसने की वजह से हुई थी, बुधवार को जिला अस्पताल परिसर स्थित मोर्चरी में शव का पोस्टमार्टम हुआ। मौत की वजह फंदा कसना बताया गया है, मौत की वजह सामने आने के बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।