बैठक से बाहर आते अमित शाह और राम लाल
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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की समन्वय समिति की बैठक में पहले सत्र से कश्मीर का मुद्दा छाया रहा। देश की आंतरिक और बाह्य सुरक्षा को लेकर दिए सुझावों में प्रचारकों ने भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के सामने देशभक्त कश्मीरियों की सुरक्षा के लिए कदम उठाने की मांग की।
बता दें कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की समन्वय समिति की बैठक एक सितंबर से शुरू हो गई। वृंदावन के केशवधाम में चल रही इस बैठक में संघ के सभी अनुषांगिक संगठनों के बड़े पदाधिकारी भाग ले रहे हैं। विहिप के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रवीन तोगड़िया गुरुवार देर शाम बैठक में भाग लेने के लिए केशव धाम पहुंच गए थे। वहीं, भाजपा अध्यक्ष अमित शाह शुक्रवार तड़के वृंदावन पहुंचे।
भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने उद्घाटन सत्र से ही बैठक में भाग लिया। सुबह करीब साढ़े दस बजे उद्घाटन सत्र पूरा हुआ। इस मीटिंग में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और सरसंघचालक मोहन भागवत के साथ सभी प्रचारक मौजूद रहे।
इसके बाद वाले सत्र में सरसंघचालक मोहन भागवत और सरकार्यवाह भैयाजी जोशी ने प्रचारकों से चर्चा की। अब लंच के बाद 2:30 बजे से अगला सत्र होगा तो करीब साढ़े छह बजे तक चलेगा। संघ की इस गोपनीय बैठक से मीडिया को पूरी तरह से दूर रखा गया है।
देशभक्त कश्मीरियों की सुरक्षा की मांग
मोहन भागवत और भैयाजी जोशी
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सूत्रों के अनुसार समन्वय समिति की बैठक में पहले दिन से ही कश्मीर की सुरक्षा का मुद्दा छाया रहा। यहां भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और संघ प्रमुख मोहनभागवत के सामने प्रचारकों ने कश्मीर में देशभक्त कश्मीरियों की सुरक्षा की मांग की।
बैठक में बताया गया कि कश्मीर का हर व्यक्ति देश के खिलाफ नहीं है। कुछ लोग भीड़ में शामिल होकर देश की सुरक्षा को खतरा पहुंचा रहे हैं। प्रचारकों का कहना है कि इन देशभक्त कश्मीरियों की सुरक्षा और पत्थरबाजी रोकने की दिशा में सरकार कदम उठाए तो कहीं हद सरकार को अमन बहाली में सफलता मिल सकती है।
चार सत्रों में चलेगी बैठक
बैठक के बाद बाहर आते स्वयंसेवक
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बता दें कि आरएसएस की समन्वय समिति की बैठक का आयोजन चार सत्रों में किया जाएगा। हर सत्र डेढ़ घंटे का होगा। बैठक की तैयारियां केशवधाम में कई दिन से चल रही थीं। संघ प्रमुख मोहन भागवत तीन दिन पहले केशवधाम पहुंच चुके हैं।
उनके साथ संघ के कई शीर्ष पदाधिकारी भी यहां हैं। हर सत्र की अध्यक्षता संघ प्रमुख मोहन भागवत करेंगे। साथ में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह भी रहेंगे। डेढ़ घंटे के हर सत्र के बाद 15 मिनट का ब्रेक दिया जाएगा। जिन-जिन बिंदुओं पर चर्चा होगी वह मीटिंग में शुरुआत में ही बता दिया जाएगा।