ताजनगरी में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए फरवरी में 105 करोड़ की लागत से बनाई गई स्मार्ट सिटी की सड़क तीन महीने में ही धंस गई। इसमें जगह-जगह गड्ढे हो गए। 24 फरवरी को दीदार-ए-ताज के लिए आए ट्रंप के आने से ठीक पहले यह सड़क (फतेहाबाद रोड) रातों रात बनाई गई थी। इसका यह हाल तब हुआ है, जबकि लॉकडाउन के कारण दो महीने से इस पर ट्रैफिक नहीं चल रहा है।
ट्रंप के आने से ठीक पहले इसे तैयार करने के बाद स्मार्ट सिटी के अफसरों ने इसे मॉडल रोड बताया था। रविवार सुबह आईटीसी मुगल से लेकर टीडीआई मॉल तक कई जगह सड़क पर गड्ढे हो गए, क्योंकि सड़क धंस गई। होटल क्रिस्टल सरोवर के सामने दो जगह सड़क धंस गई। यहां पानी की पाइप लाइन के ऊपर सड़क का निर्माण किया गया था।
अनदेखी : पीडब्ल्यूडी ने दी थी चेतावनी
स्मार्ट सिटी के काम को लेकर पीडब्ल्यूडी ने फरवरी में स्मार्ट सिटी लिमिटेड को चेतावनी भी दी थी। पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता ने कहा था कि मिट्टी का कॉम्पेक्शन ठीक नहीं है और सड़क निर्माण के दौरान उसके धंसने की आशंका है लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति के आगमन के कारण आनन-फानन में काम निपटा दिया गया।
स्मार्ट सिटी की सड़क में गड्ढे
- फोटो : अमर उजाला
लापरवाही : रावतपाड़ा में टूट गया था स्मार्ट सिटी का खंभा
रावतपाड़ा में स्मार्ट सिटी के काम के तहत सीसीटीवी कैमरे के लिए लोहे का पोल लगाया गया था लेकिन बंदरों के झूलने के कारण यह बीच में से ही टूटकर दो हिस्सों में बंट गया था। इस मामले में सांसद एसपी सिंह बघेल ने भी स्मार्ट सिटी की बैठक में नाराजगी जाहिर की थी और गुणवत्ता की जांच के लिए निर्देश दिए थे लेकिन इस मामले में भी किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई।
पार्षदों ने उठाई जांच की मांग
पार्षद रवि बिहारी माथुर ने कहा कि स्मार्ट सिटी में इससे पहले पुराने नाले में पुरानी ईट लगाकर उसे कंक्रीट का नया नाला बता दिया गया। तब सड़क भी धंस गई थी। स्मार्ट सिटी के सभी कामों की गुणवत्ता की जांच होनी चाहिए। पार्षद राकेश जैन ने कहा कि स्मार्ट सिटी के थर्ड पार्टी ऑडिट में गड़बड़ियां सामने आ चुकी हैं लेकिन किसी अधिकारी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
स्मार्ट सिटी में 1000 करोड़ की योजनाएं
313 करोड़ रुपये स्मार्ट सिटी को मिल चुके हैं।
109.42 करोड़ कामों पर किए जा चुके खर्च
300 करोड़ के चल रहे थे विकास कार्य लॉकडाउन से पहले
10 वार्ड में ताज के पास चल रहा काम, कुल 23 योजनाएं हैं।
62 चौराहों का किया जाना है सुंदरीकरण
स्मार्ट सिटी की योजनाएं
इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बन चुका है।
सेंटर चौराहों के सुंदरीकरण की योजना अटकी है।
10 जगहों पर हेल्थ सेंटर, 3 जगहों पर सेल्फ क्लीनिंग टॉयलेट बने हैं।
ताज, किले के पास हेरिटेज वॉक ताज पूर्वी गेट नाले का निर्माण कराया है।
रावतपाड़ा के पुराने मकानों की मरम्मत होनी है।
लीकेज के कारण धंसी सड़क : महाप्रबंधक
स्मार्ट सिटी कंपनी के महाप्रबंधक धर्मवीर गुप्ता का कहना है कि फतेहाबाद रोड जिस-जिस जगह से धंसी है, वहां अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के आने से ठीक एक दिन पहले पानी के लीकेज हुए थे। इनकी मरम्मत केबाद आनन-फानन में सड़क बनाई गई थी। कांपेक्शन (मानक के अनुसार मरम्मत) न हो पाने के कारण सड़क धंसी है। लॉकडाउन में काम बंद है। इसके शुरू होने पर मानक के अनुसार मरम्मत कराई जाएगी।