डा. बीआर अंबेडकर विश्वविद्यालय की बीएड की 2004 सत्र की मार्कशीट से माध्यमिक विद्यालयों में भी शिक्षक नियुक्त हो गए हैं। एसआईटी ने पिछले दिनों सैंपल सर्वे किया था। इसमें 200 मार्कशीट के बारे में जानकारी की गई थी।
इनमें 160 (80 फीसदी) बेसिक में और 20 (10 फीसदी) माध्यमिक में मिली थीं। बेसिक में फर्जी शिक्षकों की बर्खास्तगी के बाद माध्यमिक में कार्रवाई कराए जाने की तैयारी है। इसके लिए पहले से एक और सूची तैयार हो चुकी है।
एसआईटी ने बेसिक शिक्षा विभाग को 4670 मार्कशीट का ब्योरा दिया है। ये सभी फर्जी हैं। इनके आधार पर ही बेसिक शिक्षा विभाग फर्जी मार्कशीट वाले शिक्षकों को चिह्नित कर रहा है। आगरा में ही 250 से ज्यादा शिक्षक मिल चुके हैं। इन्हें नोटिस जारी कर दिए गए हैं। इनका वेतन भी जारी नहीं किया जाएगा। निकाय चुनाव के बाद इनकी बर्खास्तगी तय मानी जा रही है।
उधर एसआईटी के सूत्रों का कहना है कि फर्जी मार्कशीट का इस्तेमाल शिक्षक बनने में ज्यादा किया गया। इनमें लगभग 80 फीसदी बेसिक में हैं जबकि 10 फीसदी माध्यमिक में भी हैं। जांच एजेंसी के उच्च पदस्थ अधिकारियों ने बताया कि बेसिक में कार्रवाई पूरी हो जाने के बाद फर्जी मार्कशीट का ब्योरा माध्यमिक शिक्षा विभाग को सौंपा जाएगा।