यमुना एक्सप्रेसवे पर पुलिसकर्मियों ने गार्ड को पीटा
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यमुना एक्सप्रेसवे खंदौली इंटरचेंज पर मंगलवार शाम रॉंग साइड (गलत दिशा) में चढ़ने से रोकने पर स्कार्पियो सवार पुलिसकर्मियों ने गार्ड को पीट दिया। स्कार्पियो से उतरे दो लोगों ने खुद को एसओजी से बताया।
जब गार्ड ने मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू किया तो उन्होंने गार्ड के ऊपर पिस्टल तान दी और मोबाइल तोड़ दिया। सूचना पर चौकी पुलिस पहुंच तो गई लेकिन, कार्रवाई नहीं की।
आरोप है कि चौकी प्रभारी ने गार्ड से कहा, पुलिसवालों से गलती हो जाती है, 1500 रुपये ले लो, मोबाइल की मरम्मत करा लेना, अभी चले जाओ। गार्डों ने कार्रवाई की मांग करते हुए हंगामा करना शुरू कर दिया। टोल अधिकारी ने थाना खंदौली में तहरीर दी है।
कृष्ण कुमार पुत्र बनी सिंह निवासी पैतखेड़ा थाना खंदौली यमुना एक्सप्रेसवे पर गार्ड है। उसने बताया कि मंगलवार शाम एक स्कार्पियो यमुना एक्सप्रेसवे पर रांग साइड चढ़ने लगी। इस पर गार्ड ने उन्हें रोका तो स्कार्पियो से दो लोग उतरे और खुद को एसओजी पुलिस बताते हुए गार्ड के साथ मारपीट कर दी।
गार्ड ने जब उनका विरोध करते हुए मोबाइल से वीडियो बनानी शुरू की तो उक्त लोगों ने गार्ड की कनपटी पर पिस्टल लगा दी और मोबाइल छीनकर तोड़ दिया।
गार्ड के साथ मारपीट होता देख अन्य गार्ड भी पहुंच गए। गार्डों ने कंट्रोल रूम और टोल अधिकारियों को घटना की जानकारी दी। सूचना पर पीआरवी और चौकी पुलिस मौके पर पहुंच गई।
गार्डों ने कहा, 1500 रुपये नहीं, पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई चाहिए
चौकी पुलिस ने कार सवार पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई करने की बजाय उल्टे गार्डों को ही धमकाना शुरू कर दिया। एक सिपाही ने फोनपे से गार्ड को 1500 रुपये का पेमेंट भी कर दिया लेकिन, गार्डों ने समझौते से मना कर दिया। उन्होंने कहा कि 1500 रुपये नहीं, पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई चाहिए।
तहरीर मिलने पर भी केस दर्ज नहीं
सूचना पर टोल अधिकारी मेजर मनीष मौके पर गए और गार्डों को कार्रवाई का आश्वासन दिया। मनीष ने बताया कि थाना खंदौली में आरोपियों के खिलाफ तहरीर दी है। हालांकि पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया है।
एसपी पश्चिम रवि कुमार का कहना है कि घटना की जानकारी मिली है। इस पर थाना पुलिस से रिपोर्ट मांगी गई है। जांच कराई जा रही है। तथ्यों के आधार पर कार्रवाई कराई जाएगी।