सर्द रात में गश्त कर रही पुलिस को सड़क पर एक लड़का मिला, जो ठिठुर रहा था। पुलिस ने पूछताछ की तो पता चला कि वो एक अच्छे परिवार से है, जो तीन साल पहले घर छोड़ आया। पुलिस ने उसके परिजनों से संपर्क किया। बड़ा भाई उसे लेने के लिए आगरा आया। यहां दोनों भाई जब एक दूसरे से मिले, तो रो पड़े।
तीन साल पहले एक भाई परिवार से नाराज होकर घर से निकल आया। कमाने का साधन नहीं मिला तो सड़क पर ही रहने लगा। सर्द रात में गश्त करती पुलिस ने उसे देखा तो घर परिवार की जानकारी ली। फोन कर बुलंदशहर से घरवालों को बुला लिया। बड़े भाई को सामने देखकर छोटे भाई की आंखों से आंसू निकल आए। दोनों फूट-फूटकर रोने लगे।
विज्ञापन
एत्माद्दाैला थाने के प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि बुलंदशहर के फतेहाबाद गांव के निवासी जगवीर गौतम तीन साल पहले घर से निकाल आए थे। आगरा आने पर कोई सहारा नहीं मिल सका। वह लोगो से खाना मांगकर और सड़क पर सो जाते थे। बुधवार रात रामबाग चौकी प्रभारी मोहित मलिक गश्त पर थे। तभी रामबाग पुल के नीचे जगवीर एक कंबल ओढ़कर सोते मिले।
चाैकी प्रभारी ने पूछताछ की तो उन्होंने अपना नाम और पता बता दिया। जगवीर को चाैकी पर लाकर चाय पिलाकर गर्म कपड़े पहनने के लिए दिए गए। पुलिस के संपर्क करने पर बड़े भाई विनोद गौतम आगरा आए। विनोद ने पुलिस को धन्यवाद दिया। उन्होंने बताया कि घरवालों की डांट से नाराज होकर जगवीर बिना बताए निकल गए थे। काफी तलाश करने पर भी पता नहीं चल सका था।