जोन के थानों में महिलाओं से शालीनता से व्यवहार नहीं किया जा रहा है। थानेदार तक ठीक से फरियाद सुनने के बजाय डांटने-फटकारने का रवैया अपनाए हुए हैं। इसकी शिकायतें आईजी सुजीत पांडे के पास पहुंची हैं। उन्होंने इसे गंभीरता से लिया है।
सभी थानेदारों को व्यवहार सुधारने की हिदायत पहले ही जारी की जा चुकी है। अब थानों में महिला पुुलिस अधिकारी भेजकर टेस्ट रिपोर्ट कराई जाएगी। इससे हकीकत सामने आ जाएगी। महिला अधिकारियों को पीड़ित महिला के तौर पर थानों में रिपोर्ट दर्ज कराने भेजा जाएगा। इसमें यह भी ध्यान रखा जाएगा कि जिस जिले में टेस्ट रिपोर्ट होगी, महिला अधिकारी उसके आसपास के जिले से भेजी जाएगी। महिला अधिकारी इसकी रिपोर्ट सीधे आईजी को देंगी। इस पर आईजी एक्शन लेंगे।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि आगरा के कई थानों से इस तरह की शिकायतें आई हैं। इसके अलावा मथुरा, एटा, अलीगढ़ की भी शिकायतें हैं। आईजी आफिस पहुंची महिलाओं से फीड बैक लिया गया था। उनसे पूछा गया कि क्या वे थाने गई थीं? उन्होंने बताया कि थाने पर गई थीं लेकिन वहां व्यवहार ठीक नहीं किया गया।
शिकायतों पर रोज देनी होगी रिपोर्ट
आगरा। जोन के आठों जनपदों में शिकायतों के निस्तारण के लिए थाना स्तर पर नई व्यवस्था लागू की जा रही है। आईजी ने इसके लिए निर्देश जारी किए हैं। इसके मुताबिक ,थाना पर आने वाले प्रत्येक प्रार्थना पत्र का रिकार्ड रखना होगा। जो भी शिकायत आएगी, उसे रजिस्टर में लिखना होगा। रोजाना फोन से आईजी ऑफिस को बताना होगा कि कितनी शिकायतें आईं, कितनी निस्तारित हो र्गइं और कितनी लंबित बची हैं?