यमुना एक्सप्रेसवे पर गाड़ियां पंक्चर कर दो कारोबारियों से लाखों रुपये की लूट करने वाले बदमाशों को पुलिस पकड़ने में नाकाम रही। इस पर शनिवार को एक्सप्रेसवे के दोनों तरफ ढाबों को बंद करा दिया। पुलिस का कहना है कि यह अनाधिकृत ढाबे लुटेरों का अड्डा बन गए थे।
थाना नौहझील के एक्सप्रेसवे पर 23 जनवरी को माइल स्टोन 62 और 63 के बीच आगरा व कानपुर के कारोबारियों की गाड़ियों को पंक्चर करके लाखों रुपये की लूट की घटना के बाद से लोगों में दहशत है। आठ दिन बीतने के बाद भी पुलिस लुटेरों को पकड़ना तो दूर, उनका सुराग भी नहीं लगा पाई है।
पुलिस ने अब एक्सप्रेसवे के दोनों तरफ ढाबों को बंद कराना शुरू कर दिया है। शनिवार को नौहझील पुलिस ने दो ढाबों को बंद करा दिया है। मांट, सुरीर, बलदेव, महावन ने यह ढाबे बंद करा दिए हैं।
पुलिस के अनुसार ढाबा संचालक कटीले तारों को काटकर अवैध रास्ता बनाकर एक्सप्रेसवे के नियम विरुद्ध काम कर रहे थे। क्षेत्राधिकारी मांट आलोक दुबे ने बताया कि देररात तक खुल रहे ढाबों पर अराजक तत्व एवं बदमाशों का मूवेंट होने की शिकायत मिल रही थी। एक्सप्रेसवे किनारे 14 ढाबे चल रहे थे।