होली पब्लिक स्कूल की कक्षा 11 की छात्रा हर्षा रामवानी (16) की हत्या का खुलासा करने में नाकाम रही पुलिस ने अब वारदात को सुसाइड बताकर फाइल बंद करने की तैयारी शुरू कर दी है। बगैर साक्ष्य पुलिस ने मंगलवार शाम हर्षा के माता-पिता से कह दिया, तुम्हारी बेटी ने आत्महत्या की है। इससे भड़के लोगों ने थाना का घेराव किया। उन्होंने बुधवार को डीआईजी लक्ष्मी सिंह से शिकायत की चेतावनी दी है।
कैलाशपुरी निवासी हर्षा के पिता रतन रामवानी ने थाना सिकंदरा पर सोमवार को अज्ञात के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कराया था। घटना रविवार को हुई थी। पुलिस ने हर्षा के मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाई तो तीन नंबर संदिग्ध लगे। ये आईडी जिन तीनों युवकों के थे, उनमें से दो से पूछताछ की गई। शाम को पुलिस ने कह दिया कि हत्या के साक्ष्य नहीं मिले, मामला सुसाइड का है। इस पर लोग भड़क गए। हर्षा के माता-पिता ने कहा कि ऐसी कोई वजह नहीं थी, जिससे माना जाए कि उसने आत्महत्या की। पुलिस अपनी नाकामी छिपाने के लिए ऐसा कह रही है। उनके साथ थाने पहुंची सपा नेत्री मोनिका नाज ने बताया कि इस मामले में बुधवार को डीआईजी लक्ष्मी सिंह से शिकायत की जाएगी। पुलिस को इस तरह फाइल बंद नहीं करने दी जाएगी। हालांकि सीओ हरिपर्वत का कहना है कि केस हत्या में दर्ज किया गया है, कई पहलुओं पर जांच चल रही है।
‘कहा था, बिग बाजार चलना है’
हर्षा की मां ने बताया कि हत्या वाले दिन हर्षा कोचिंग जाते समय कह गई थी कि डेढ़ बजे तक लौट आएगी। रिश्तेदारी में दो दिन बाद शादी है। उसने कहा था, ‘मम्मी, मैं आपके साथ बिग बाजार चलूंगी।’ उनका सवाल है कि वह लड़की सुसाइड क्यों करेगी।
मर्डर मिस्ट्री
पड़ोसी युवक से पूछताछ
हर्षा के मोबाइल की कॉल डिटेल
के आधार पर पुलिस ने दो युवक ों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया था।
इनमें से एक उसका पड़ोसी बताया गया है। पुलिस ने शाम को उसे छोड़ दिया।
पुलिस का कहना है कि उनका घटना में कोई हाथ नहीं पाया गया।
चश्मदीद का नाम नहीं बता पाई पुलिस
पुलिस
ने हर्षा के परिवार से कहा कि एक ग्रामीण ने उसे रेलवे ट्रैक के पास अकेले
जाते हुए देखा था। इसलिए केस सुसाइड का लग रहा है। लेकिन जब पुलिस से उस
ग्रामीण का नाम पूछा गया तो पुलिस बता नहीं पाई।
.. तो सिर में चोट कैसे लगी
हर्षा
के परिवार ने पुलिस से कहा कि उसकी लाश रेलवे ट्रैक पर पड़ी मिली थी। अगर
कोई व्यक्ति ट्रेन से कटकर सुसाइड करता है तो उसकी लाश टुकड़ों में मिलती
है। जबकि हर्षा के सिर्फ सिर में चोट थी।