इसके बाद दिल्ली से आगरा तक रेल महकमे में हड़कंप मच गया। ट्रेन तब तक गाजियाबाद पहुंच चुकी थी। अलीगढ़ के दादरी स्टेशन पर ट्रेन को तीन घंटे तक रोका गया और सघन तलाशी ली गई। इसी बीच युवक ने ट्विटर पर दूसरा मैसेज किया कि ये ट्वीट मेरे द्वारा मानसिक तनाव की स्थिति में किया गया है।
इस पर अधिकारियों ने राहत की सांस ली। ट्रेन को गंतव्य के लिए रवाना करने के बाद आरोपी की तलाश शुरू कर दी गई। एसपी ने बताया कि अलीगढ़, आगरा कैंट की टीमों ने एएसपी अनुराग दर्शन के साथ युवक को ईदगाह स्टेशन पर गिरफ्तार कर लिया।
संजीव सिंह ने पुलिस को बताया कि उसका भाई राहुल असम में आर्मी में तैनात है। वो ग्वालियर से केरला एक्सप्रेस से दिल्ली जा रहा था, जहां से उसे डिब्रूगढ़ राजधानी पकड़नी थी, लेकिन केरला के चार घंटे लेट होने के बाद भाई ने इसकी जानकारी दी। इसी लिए उसने ट्रेन में बम रखे होने की सूचना देकर ट्रेन को दिल्ली में ही रोके जाने के लिए ट्वीट किया था।
आरोपी के खिलाफ आगरा कैंट थाने में रेलवे एक्ट और 505 (बी) सरकारी जनसूचना साधन पर अफवाह या भ्रामक जानकारी देने का मुकदमा दर्ज किया गया है।
एसपी जीआरपी ने बताया कि मुकदमा गंभीर धाराओं में दर्ज किया गया है, ताकि लोग इस तरह की झूठी सूचना सोशल मीडिया या सरकारी हेल्पलाइनों पर देने से बचें। इसमें तीन से छह साल तक की सजा और 50 हजार रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है।
देश-दुनिया और अपने क्षेत्र की हर खबर सबसे पहले पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। आप हमें फेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फॉलो भी कर सकते हैं।