संगम द्वार पर परिवार व रिश्तेदारों के साथ कुसमरा के नवीन पांडेय।
कुसमरा। प्रयागराज महाकुंभ में स्नान करके भले ही लोगों को अलग अनुभूति हो रही हो। मगर, श्रद्धालुओं को परेशानी भी अधिक झेलनी पड़ रही है। सोमवार शाम को महाकुंभ से लौटे कस्बा निवासी नवीन पांडेय व उनके परिजन ने बताया कि 15 किलोमीटर से अधिक पैदल चलना पड़ा, तब वह संगम तट पर पहुंचे।
नवीन ने बताया कि वह अपनी पत्नी व रिश्तेदारों के साथ 14 फरवरी की रात्रि महाकुंभ के लिए बेवर से परिवहन विभाग की बस से रवाना हुए थे। अगली सुबह 5 बजे प्रयागराज से 35 किलोमीटर पहले जाम में फस गए। जाम भीषण होने के कारण बस ने लगभग शाम 3 बजे महाकुंभ क्षेत्र में उतारा। उसके बाद संगम तट तक जाने के लिए वाहन की तलाश की। मगर, कोई वाहन नहीं मिला। थक हारकर परिवार व रिश्तेदारों के साथ बस स्टेशन पर ही रूके। रात्रि 10 बजे से चलना शुरू किया। 15 किलोमीटर पैदल चलकर संगम तट पर पहुंचे। वहीं, नगला मनी निवासी शिवम शाक्य ने बताया कि उनकी गाड़ी को कच्छ द्वार पर रोक दिया गया था। वहां से पूरा परिवार पैदल गया।