भूमिगत स्टेशन पर चल रहा निर्माण कार्य।
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उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल काॅरपोरेशन (यूपीएमआरसी) ने पहले कॉरिडोर के भूमिगत स्टेशनों के कार्य की गति बढ़ाने के लिए श्रमिकों की संख्या बढ़ा दी है। अक्तूबर तक ये कार्य पूरा होने के बाद आरबीएस चौराहा तक मेट्रो का संचालन होने लगेगा। दूसरे कॉरिडोर का निर्माण तेजी से करने के लिए 9 मशीनें और बढ़ा दी हैं। काम पूरा होने पर लोगों के लिए यातायात की सुविधा बेहतर हो जाएगी।
यूपीएमआरसी के उप महाप्रबंधक पंचानन मिश्रा ने बताया कि पहले कॉरिडोर के एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा कॉलेज, राजामंडी और आरबीएस स्टेशन भूमिगत हैं। ये बनकर तैयार हैं। इनमें बीते महीने से सिग्नल, सीसीटीवी कैमरे, चैंबर बनाने, वेंटिलेशन सिस्टम समेत सिविल कार्य चल रहा है।
दो महीने में चारों स्टेशन बनाने का लक्ष्य है। इनमें ट्रैक बिछाने का कार्य भी अंतिम दौर में है। इस तरह से अक्तूबर या नवंबर से आरबीएस तक मेट्रो चलने लगेगी। अभी ताज पूर्वी से मन:कामेश्वर स्टेशन तक ही मेट्रो चल रही है।
दूसरा कॉरिडोर आगरा कैंट से कालिंदी विहार तक बन रहा है। इसका दो चरणों में कार्य चल रहा है। आगरा कैंट से कालिंदी विहार तक पहला और आगरा कॉलेज से कालिंदी विहार तक दूसरा चरण है। ये एलिवेटेड है और इसमें 14 स्टेशन हैं। इसमें पिलर बनाने के लिए 9 मशीन और बढ़ा दी हैं।
इससे पिलर लगाने का कार्य तेजी से होगा। इनके लिए यू-गर्डर, पियर कैप का निर्माण डौकी और रुनकता स्थित प्लांट में किया जा रहा है। पिलर बनने के साथ ही इन पर यू-गर्डर को लाकर रखा जा रहा है। अब भगवान टॉकीज से सुल्तानगंज पुलिया तक पिलर बनाने का कार्य शुरू हो गया है, इसके लिए बैरिकेडिंग भी कर दी है।