यातायात नियमों के उल्लंघन पर बढ़े हुए जुर्माने की व्यवस्था अभी प्रदेश में भले ही लागू नहीं हुई है लेकिन इसका डर दिख रहा है। जुर्माने के डर से संभागीय परिवहन कार्यालय में प्रशिक्षु ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने वालों की संख्या दो गुना तक बढ़ गई है। नवीनीकरण व संशोधन के प्रकरण भी बढ़ गए हैं।
एक सप्ताह से प्रशिक्षु लाइसेंस बनवाने वाले के लिए रोजाना 240 से अधिक आवेदन आ रहे हैं। अगस्त के अंतिम सप्ताह तक इनकी संख्या 120 तक ही थी। आरटीओ के बाहर ऑनलाइन पंजीकरण करने वाले केंद्रों पर भी भीड़ उमड़ रही है।
आवदेकों की भीड़ के चलते कई बदलाव
पिछले सप्ताह तक ऑनलाइन केंद्रों से प्रतिदिन 150 आवेदकों के टेस्ट के लिए ही स्लॉट दिया जा रहा था। भीड़ को देखते हुए अधिकारियों ने स्लॉट को बढ़ाकर 250 कर दिया है। कंप्यूटर टेस्ट में भी अब आधा घंटे का ही समय दिया जा रहा है।
संभागीय निरीक्षक (प्राविधिक) सुधीर वर्मा ने बताया कि ड्राइविंग लाइसेंस के आवेदकों में इजाफा हुआ है। लोगों में जागरूकता बढ़ रही है। स्लॉट लोगों की समस्या कम करने को बढ़ाया गया है।