आगरा के सदर क्षेत्र में नौ वर्षीय बालिका की खरीद फरोख्त कर देह व्यापार कराने का मामला सामने आया है। बालिका ने महिला के चंगुल से भागकर एक राहगीर से मदद मांगी। इसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। उसने विरोध करने पर पीटने, सिगरेट से दागने की बात की। पुलिस ने केस दर्ज कर कथित मां गीता को गिरफ्तार किया है।
मामला मानव तस्करी गिरोह से जुड़ा होने के कारण एसीपी सदर के नेतृत्व में टीम गठित की गई है। न्यू सीता नगर निवासी अजय सिंह भारतीय किसान यूनियन स्वराज के जिलाध्यक्ष हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि वह शनिवार शाम को किसी काम से ग्वालियर मार्ग पर गए थे। तभी एक बालिका उनके पास रोते हुए आई। हाथ जोड़कर पैरों में गिर गई।
यह देखकर वह घबरा गए। बालिका को उठाया। चुप करने के बाद रोने का कारण पूछा। वह मदद की कहने लगी। बालिका के शरीर पर चोटों के निशान थे। बालिका को पानी पिलाने के बाद पूछताछ की। उसने बताया कि मेरी मां मारपीट करती है। गलत काम कराती है। यह सुनकर वो सन्न रह गए। इस पर उसे थाना सदर ले गए, जहां से उन्हें चाैकी बुंदू कटरा भेज दिया गया। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई शुरू कर दी। एसीपी सदर हेमंत कुमार भी पहुंच गए।
मामले में अजय सिंह की तहरीर पर देह व्यापार निवारण अधिनियम, पॉक्सो एक्ट के तहत केस लिखा गया है। इसमें (कथित मां) गीता, मोहित, दिलीप कुमार, शोहिल को नामजद किया गया है। डीसीपी सिटी सोनम कुमार ने बताया कि बालिका से पूछताछ की गई।
इसके बाद सदर स्थित खत्ता काॅलोनी निवासी गीता को गिरफ्तार किया गया। उसने पूछताछ में बताया कि वह दो साल पहले शालू व कुनाल से बालिका को 60 हजार रुपये में खरीदकर लाई थी। उसे अपने घर में रख लिया। उससे देह व्यापार कराती थी। पुलिस अब उसके साथियों की तलाश कर रही है। मोहित, दिलीप कुमार और शोहिल ने भी बालिका के साथ गलत काम किया था।