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Agra: समाचार पत्र वितरक का परिवार दहशत में, घर बेचने को मजबूर; जानें पूरा मामला

Mon, 27 May 2024 03:16 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

खंदौली के रहने वाले समाचार पत्र वितरक का पुलिसकर्मियों द्वारा उत्पीड़न किया जा रहा है। पुलिसकर्मियों पर  25 हजार रुपये हड़पने के आरोप लगाए हैं।
 
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पीड़ित परिवार - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आगरा के खंदौली कस्बे के समाचार पत्र विक्रेता को थाने में पीटने के बाद फर्जी मुकदमे में जेल भेजने और 25 हजार रुपये हड़पने के आरोप लगाए हैं। वितरक घर बेचकर गांव से पलायने करने को मजबूर है।
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कंजौली, सादाबाद निवासी भारती सिंह ने अधिकारियों को लिखे प्रार्थना पत्र में कहा है कि उनके पति विनोद कुमार जूरैल समाचार पत्र वितरक हैं। आरोप है कि सात अप्रैल को थाना खंदौली के दो सिपाही उनकी खंदौली स्थित दुकान पर पहुंचे और थाना प्रभारी के बुलाने की कहकर अपने साथ ले गए। जब रात तक नहीं लौटे तो जेठ विजय कुमार के साथ वह थाने पहुंची। वहां पुलिसकर्मी उनकी पिटाई कर रहे थे। उन्हें यातनाएं दी गईं। विरोध करने पर उन्हें धमका कर भगा दिया। 

आरोप है कि 8 अप्रैल को पुलिस ने जानलेवा हमले और सरकारी कार्य में बाधा का मुकदमा लिखकर उन्हें जेल भेज दिया। उनकी स्कूटी, मोबाइल और 25 हजार रुपये भी रख लिए। एक सप्ताह पहले जेल से छूटकर आने पति ने थाने में उनके साथ हुई मारपीट की जानकारी दी। थाने में पुलिस ने स्कूटी व मोबाइल तो वापस किया मगर 25 हजार रुपये नहीं दिए। महिला का आरोप है कि पति को झूठे मुकदमे में जेल भेजने से पूरा परिवार दहशत में है। वह अपना घर बेचकर यहां से पलायन करने को मजबूर हैं।
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इस संबंध में थाना प्रभारी राजीव कुमार ने बताया कि विनोद ने आरक्षी राहुल कुमार पर हमला किया था। विरोध पर कंप्यूटर भी तोड़ दिया था। इस मामले में उसे जेल भेजा गया था। बाद में थाने में जमा स्कूटी व मोबाइल वापस किया गया था। 25 हजार रुपये की बात गलत है।
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