आगरा के एसएन मेडिकल कालेज की चिकित्सकीय सेवाएं चौपट हाल में हैं। सर्जरी विभाग में बेड के इंतजार में जला हुआ मरीज जमीन पर पड़ा रहा। तीमारदार के बार-बार कहने पर आधे घंटे के बाद बेड पर चादर बिछाई गई और तब कहीं जाकर मरीज को बेड नसीब हुआ।
कुंडौल निवासी बिजेंद्र सिंह (45) करंट की चपेट में आकर रविवार को बुरी तरह से झुलस गए थे। रात में ही इनको परिजन इमरजेंसी लेकर आए। दोपहर करीब 12 बजे इनको इमरजेंसी से वार्ड के लिए शिफ्ट कर दिया।
मरीज को लेकर नई आठ मंजिला इमारत में लेकर पहुंचे। परिजनों ने बर्न वार्ड में भर्ती कराने के लिए कहा। यहां के स्टाफ ने वार्ड बंद होने की बात कही। इसे सामान्य वार्ड में लेकर गए, लेकिन यहां बेड की व्यवस्था नहीं थी।