नवरात्र में कई घरों में शनिवार को श्रीदुर्गा अष्टमी का पूजन होगा। इस दिन नवमी का भी योग है। नवमी मनाने वाले भक्तों अष्टमी के दिन भी व्रत रखें। नवमी पर पूजन के बाद मां दुर्गा सिंह पर सवार होकर विदा हो जाएंगीं। राम जन्मोत्सव का शुभ योग भी शनिवार को ही बन रहा है।
शनिवार को अष्टमी तिथि को मां महागौरी की आराधना होगी। चतुर्भुजा स्वरूप में मां हाथों में त्रिशूल और डमरू लिए होंगीं। इसके चलते भक्तों पर महादेव भी कृपा बरसाएंगे। अष्टमी का योग शनिवार को 11:41 बजे तक रहेगा। इसके बाद नवमी की तिथि लग जाएगी, जो 14 अप्रैल की सुबह 9:36 तक रहेगी। ऐसे में जो भक्त नवमी पूजन करेंगे उन्हें शनिवार को भी व्रत रखना चाहिए।
ज्योतिषाचार्य पूनम वार्ष्णेय ने बताया कि श्री दुर्गा नवमी पर हवन-यज्ञ कर माता के नौ स्वरूपों के रूप में नौ कन्याओं का पूजन करें। उन्हें वस्त्र, पूड़ी, हलवा, चना और उपहार देकर विदा करें।