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प्रशासन के दावे फेल, गेहूं क्रय केंद्रों के नहीं खुले ताले

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01एमएनपी-36-बरनाहल में बंद साधन सहकारी समिति - फोटो : MAINPURI
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मैनपुरी। शासन से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर एक अप्रैल से गेहूं की खरीद करने के आदेश दिए थे। इसके लिए जिले में 79 क्रय केंद्र भी बनाए गए। प्रशासन का दावा था कि हर हाल में एक अप्रैल से क्रय केंद्र शुरू हो जाएंगे। ये दावा अमर उजाला की पड़ताल में शुक्रवार को पहले दिन ही फेल हो गया। अधिकांश गेहूं क्रय केंद्रों पर पहले दिन ताला तक नहीं खुल सका। वहीं, कोई भी जिम्मेदार क्रय केंद्रों का हाल देखने नहीं पहुंचा।
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शहर से लेकर देहात तक शुक्रवार को गेहूं क्रय केंद्रों पर लापरवाही नजर आई। शहर के नवीन मंडी में ही बनाए गए दोनों क्रय केंद्रों पर ताला लटका रहा। वहीं, बरनाहल क्षेत्र के नवाटेढ़ा स्थित कृषक सेवा केंद्र, किशनी स्थित सहकारी समिति समेत अन्य क्रय केंद्रों पर भी न तो केंद्र प्रभारी पहुंचे और न ही यहां अब तक कोई बैनर लगाया गया है। क्षेत्र के किसान क्रय केंद्रों पर गेहूं के विक्रय करने के संबंध में जानकारी पहुंचे। लेकिन यहां क्रय केंद्र बंद मिलने से उन्हें मायूस ही लौटना पड़ा। यहां तक कि विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों ने ये भी जानने की कोशिश नहीं की, कि आखिर सभी क्रय केंद्र खुले या नहीं। कहीं न कहीं इसी लापरवाही का फायदा केंद्र प्रभारी भी उठा रहे हैं।
दृश्य एक: साधन सहकारी समिति बरनाहल।
साधन सहकारी समिति को गेहूं खरीद के लिए क्रय केंद्र बनाया गया है। शुक्रवार से यहां गेहूं खरीद शुरू होनी थी। लेकिन खरीद तो दूर यहां शुक्रवार को समिति का ताला भी नहीं खुला। गेहूं विक्रय के लिए जानकारी करने पहुंचे लोग खाली हाथ ही वापस लौट गए।
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दृश्य दो: सहकारी क्रय विक्रय समिति, नवीन मंडी मैनपुरी।
नवीन मंडी में सहकारी क्रय विक्रय समिति को भी गेहूं क्रय केंद्र निर्धारित किया गया है। यहां शुक्रवार को दोपहर दो बजे तक न तो ताला खुला और न ही कोई बैनर या कांटा लगाया गया। मंडी में आसपास कारोबार करने वाले आढ़तियों के अनुसार वहां कोई पहुंचा ही नहीं।
दृश्य तीन: साधन सहकारी समिति, समान।
किशनी क्षेत्र में बनाए गए गेहूं क्रय केंद्रों से साधन सहकारी समिति भी समान भी एक है। शासन के आदेश के अनुसार एक अप्रैल से गेहूं क्रय केंद्र नियमित खोले जाने थे। लेकिन आदेश के विपरीत यहां क्रय केंद्र शाम तक खोला भी नहीं जा सका।
2015 रुपये प्रति क्विंटल पर होगी खरीद
सरकारी क्रय केंद्र पर गेहूं के लिए 2015 रुपये प्रति क्विंटल का न्यूनतम समर्थन मूल्य शासन द्वारा निर्धारित किया गया है। इसी कीमत पर क्रय केंद्र पर गेहूं खरीद कर सीधे किसानों के खाते में भुगतान किया जाएगा। बीते वर्ष 1975 रुपये प्रति क्विंटल पर गेहूं की खरीद की गई थी।
यहां खुले मिले गेहूं क्रय केंद्र
अमर उजाला की पड़ताल में कुछ गेहूं क्रय केंद्र खुले भी मिले। इन पर कर्मचारियों द्वारा सुबह से ही पहुंचकर गेहूं खरीद के लिए व्यवस्थाएं की गईं। क्षेत्रीय सहकारी समिति कुसमरा पर पहुंचे केंद्र प्रभारी ने बैनर लगवाने के साथ ही कांटा और पंखा भी लगाया। उन्होंने आने वाले किसानों को जानकारी भी दी। इसके अलावा क्षेत्रीय सहकारी समिति अरम सराय, क्षेत्रीय सहकारी समिति नवीगंज, सहकारी समिति परतापुर आदि केंद्र पर केंद्र प्रभारी उपस्थित मिले।
सभी गेहूं क्रय केंद्रों के संचालन के लिए जिला खाद्य विपणन अधिकारी को निर्देश दिए हैं। जो केंद्र एक अप्रैल से नहीं खुले हैं उनकी जांच कराई जाएगी। सभी क्रय केंद्रों पर हर हाल में खरीद सुनिश्चित कराई जाएगी।
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-राम जी मिश्र, एडीएम/जिला खरीद अधिकारी।
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