गोभक्तों में आक्रोश
जिला प्रशासन ने लंपी वायरस से गोवंश बचाव के लिए जो दावे किए थे, वो भी धरातल पर नजर नहीं आ रहे। इससे गोभक्तों में आक्रोश है। टीम लीफ के सदस्य पवन कुशवाहा का कहना है कि लंपी वायरस से प्रतिदिन चार से पांच गोवंश मर रहे हैं। उनकी टीम के सदस्य मृत गोवंशों को गड्ढा खुदवाकर दफना रहे हैं। नगर पालिका परिषद के लिपिक रामेंद्र शर्मा का कहना है कि पालिका की जेसीबी किसी दिन चार किसी दिन पांच के गोवंशों को दफनाने के लिए भेजनी पड़ती है।
जिले में 2.83 लाख गोवंश हैं। तीन हजार से अधिक लंपी वायरस की चपेट में आ चुके हैं। शहर में 10 हजार से अधिक गोवंश शहर की गलियों से लेकर सड़कों तक छुट्टा घूम रहे हैं। इनमें कई गोवंश लंपी वायरस से संक्रमित हैं। टीम लीफ का आरोप है कि पशुपालन विभाग की ओर से गोवंश को लंपी वायरस से बचाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा, जिससे गोवंश दम तोड़ रहे हैं।