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मोरारी बापू ने ब्रज में आकर की क्षमा याचना, विवाद का पटाक्षेप, कृष्ण-बलराम पर की थी टिप्पणी

Fri, 16 Oct 2020 01:02 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
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रामदेव और ब्रज के संतों के साथ मोरारी बापू - फोटो : अमर उजाला
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कथावाचक मोरारी बापू की भगवान श्रीकृष्ण और बलराम को लेकर की गई अशोभनीय टिप्पणी पर हुए विवाद का पटाक्षेप हो गया है। मोरारी बापू ने ब्रज में दाऊजी की शरण में पहुंचकर क्षमा याचना की। इस दौरान उनके साथ बाबा रामदेव, रमणरेती के संत कार्ष्णि गुरु शरणानंद एवं संत ज्ञानानंद भी मौजूद रहे। 

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मोरारी बापू सोमवार को वृंदावन पहुंचे थे। अपने प्रवचनों में भगवान के प्रति की गई टिप्पणी को लेकर चर्चा में आए मोरारी बापू पूरी तरह से ठाकुरजी के आगे नतमस्तक नजर आए। उन्होंने श्रद्धा से ओत-प्रोत होकर दाऊजी महाराज के आगे हाथ जोड़ सिर झुकाकर प्रार्थना की और टिप्पणी के लिए क्षमा याचना की। 


उन्होंने कहा कि दाऊजी महाराज के दर्शन कर वह धन्य हो गए हैं। इस दौरान सभी संतों ने दाऊजी महाराज का झंडा लेकर मंदिर की परिक्रमा लगाई। दाऊजी मंदिर रिसीवर आरके पांडेय ने बताया कि अब पूरे प्रकरण का पटाक्षेप हो गया है। उन्होंने सभी संतों को पटुका, प्रसाद व स्मृति चिह्न भेंट किया। 

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श्रीकृष्ण-बलराम के लिए बोले थे अपशब्द 

रामचरित मानस का पाठ करने वाले मोरारी बापू का एक वीडियो इस वर्ष अप्रैल माह में वायरल हुआ था। वीडियो में बापू कथा के मंच से कहते दिखाई दे रहे हैं कि श्रीकृष्ण धर्म की स्थापना में असफल हो गए तथा बलराम शराब पीने के आदी थे। इस दौरान छेड़छाड़ भी होती थी। 

उनकी टिप्पणी का वीडियो वायरल होने के बाद देशभर में कृष्ण भक्तों ने मोरारी बापू का विरोध किया। ब्रज में भी संतों ने इस पर नाराजगी जताई। सोमवार को बाबा रामदेव के साथ मोरारी बापू मथुरा आए तो उन्होंने माफी मांगकर संतों की नाराजगी समाप्त करने का प्रयास किया।

ब्रज तीर्थ देवालय संघ की हुई जीत 

कथा वाचक मोरारी बापू के दाऊजी की शरण में आने को संघ के पदाधिकारियों ने अपनी जीत बताया है। इस दौरान रमाकांत गोस्वामी, राजू व्यास, विनय त्रिपाठी, पूरन कौशिक, सतुआ महाराज आदि ने खुशी जताई। मंदिर रिसीवर आरके पांडेय ने बताया कि ब्रज तीर्थ देवालय संघ की मांग पर मोरारी बापू यहां आए हैं।
 
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