ताजगंज क्षेत्र निवासी किशोरी 23 फरवरी को न्यू आगरा स्थित एक अस्पताल में दवा लेने आई थी। तभी अगवा कर ली गई थी। किशोरी के घरवालों ने मेरठ के मेहताब राणा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। वर्ष 2018 में मेहताब ने ही दो बार किशोरी का अपहरण किया था।
न्यू आगरा क्षेत्र स्थित एक अस्पताल के बाहर से किशोरी को अगवा करने के बाद ऑटो से भगवान टाकीज ले जाया गया था। वहां पहले से खड़ी कार में बैठाकर युवक ले गया था। फुटेज से मिले सुराग के बाद पुलिस ने ऑटो को खोज निकाला है।
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वहीं किशोरी की बरामदगी के लिए दिल्ली और मेरठ में पुलिस टीम ने डेरा डाला है। उसकी लोकेशन ट्रेस कर ली है। पुलिस जल्द ही उसे बरामद कर सकती है। वहीं पुलिस को नई जानकारी हाथ लगी है। अपहरण में मेहताब से हटकर कुछ और लोगों का हाथ हो सकता हैं। पुलिस किशोरी को बरामद करने के बाद पूरी घटना का खुलासा करेगी।
ताजगंज क्षेत्र निवासी किशोरी 23 फरवरी को न्यू आगरा स्थित एक अस्पताल में दवा लेने आई थी। तभी अगवा कर ली गई थी। किशोरी के घरवालों ने मेरठ के मेहताब राणा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। वर्ष 2018 में मेहताब ने ही दो बार किशोरी का अपहरण किया था। जेल भी गया था। पुलिस ने मेरठ में दबिश देकर मेहताब राणा की पत्नी भूरी और दो भाभियों को जेल भेजा था।
उसका भाई गुलफाम भी हिरासत में है। सीसीटीवी फुटेज गुलफाम को दिखाए थे। उसने फुटेज में किशोरी के साथ दिखने वाले को मेहताब नहीं बताया है। इससे पुलिस की गुत्थी उलझ गई। सूत्रों ने बताया कि गुलफाम के इस बयान के बाद पुलिस ने दूसरी लाइन पर काम किया। इसमें कई महत्वपूर्ण जानकारी हाथ लगी हैं। इनके बारे में पुलिस टीम लगी है। एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद का कहना है कि किशोरी के बारे में कुछ अहम जानकारी हाथ लगी हैं। इन पर पुलिस टीम कार्य कर रही हैं।
दिल्ली एनसीआर में होने की आशंका
आगरा पुलिस की एक टीम दिल्ली और एक टीम मेरठ में डेरा जमाए हुए है। पुलिस को आशंका है कि किशोरी को दिल्ली एनसीआर में रखा गया है। पुलिस को किशोरी को लोकेशन मिल गई है। हालांकि दबिश देना बाकी है। यह भी पता चल चुका है कि वह किसके साथ गई थी। अब किसके साथ है। जल्द ही पुलिस किशोरी को बरामद कर सकती है। अधिकारी यही कह रहे है कि टीम लगी हैं।
किया था इंटरनेट कॉल
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, किशोरी को अगवा करने से पहले पूरी तैयारी की गई थी। किशोरी के पिता के पास एक कॉल किया गया था। फोन इंटरनेट काल से किया गया था। पिता से कहा था कि मेहताब बोल रहा हूं। वह उनकी बेटी को ले जाएगा। इस पर पिता ने सबसे पहले मेहताब का नाम लिया। क्योंकि वह दो बार उनकी बेटी को अगवा कर चुका था। सीसीटीवी फुटेज में भी उसकी लंबाई जैसा ही युवक नजर आया था।
पहले ऑटो मिला, कार की भी पहचान
पुलिस ने किशोरी के अगवा होने की घटना के बाद क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज देखे थे। इसमें नजर आया कि अस्पताल से निकलने के बाद किशोरी के साथ युवक एक ऑटो करता है। आटो भगवान टाकीज तक आ जाता है। इसके बाद दोनों उतर जाते हैं। ऑटो का नंबर नजर नहीं आया था। इस पर पुलिस ने उस पर बनी पेटिंग देखी। इसी पेंटिंग से पुलिस ने ऑटो को खोज निकाला।
सोमवार को उसके चालक से पूछताछ की। उसने यही बताया कि युवक और किशोरी को भगवान टॉकीज के पास छोड़ा था। वहां पहले से एक कार खड़ी थी। दोनों उसमें बैठकर चले गए थे। कार का नंबर नहीं देखा। पुलिस को कार का रंग बताया है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज की मदद से कार की भी पहचान कर ली। इनकी मदद से आरोपियों की तलाश की जा रही है।
थाना का घेराव कर किशोरी की बरामदगी की मांग
अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद राष्ट्रीय बजरंग दल के क्षेत्रीय महामंत्री अज्जू चौहान के नेतृत्व में सोमवार को थाना न्यू आगरा पर प्रदर्शन किया। इस मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग की। थाना घेराव की सूचना पर सीओ हरीपर्वत एएसपी अभिषेक अग्रवाल पहुंच गए। उन्होंने किशोरी की बरामदगी का आश्वासन दिया। अज्जू चौहान ने कहा कि इस तरह की घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस दौरान अवतार सिंह गिल, सुनील यादव, रवि प्रजापति, करण प्रजापति, ठाकुर धीरेंद्र सिंह, हिमांशु जैन आदि मौजूद रहे।