सीसीटीवी फुटेज से मिला सुराग
एसपी सिटी विकास कुमार के मुताबिक, पूछताछ में पता चला कि राहुल का भैंसों का बाड़ा है। वह दूध की बिक्री करता है। वह आईपीएल में सट्टा लगाता था। इस कारण उस पर डेढ़ लाख रुपये का कर्ज हो गया था। उसके घर पर लोग रुपये लेने के लिए चक्कर काट रहे थे। उसने कर्ज चुकाने के लिए भैंस चोरी की साजिश रची।
उसे पता था कि भोलाराम अपनी भैंसें बांधकर चला जाता है। उसने अपने साथियों को बुलाया। सतवीर और दीपक मेटाडोर लाए। बाकी भैंस चढ़ाने में शामिल हुए। इसके बाद इटावा की पैंठ में भैंस बेच दी। उन्हें 90 हजार रुपये मिले। 50 हजार रुपये राहुल ने रखे, जबकि बाकी 40 हजार साथियों को दिए। उनकी मेटाडोर एक कैमरे में आ गई थी। उस पर नवीन सब्जी मंडी लिखा नजर आया था। पुलिस सिकंदरा सब्जी पहुंची। मेटाडोर की पहचान हो गई। इससे आरोपी पकड़े गए।