वृंदावन (मथुरा)। ग्रीष्मकाल में ठाकुरजी को शीतलता प्रदान करने के उद्देश्य से श्रीधाम वृंदावन के विभिन्न देवालयों में अनेक मनोरथों का आयोजन किया जा रहा है। शुक्रवार को सेवाकुंज गली स्थित पुष्टिमार्गीय गिरधरनाथ जी की हवेली में ठाकुर गिरिधर नाथ प्रभु का फल बंगला महोत्सव मनाया गया। यहां ठाकुरजी को प्रतीकात्मक आम के बगीचे में विराजमान कराकर मेवायुक्त अमरस का भोग अर्पित किया। सायंकाल भक्तों द्वारा समाज गायन भी किया गया। भक्तों ने रसिक संतों द्वारा रचित पदों का गायन कर ठाकुरजी को रिझाया।
वल्लभकुल की परंपरानुसार ठाकुरजी के समक्ष अष्टछाप के कवियों सूरदास, परमानंद दास आदि के पदों का गायन किया गया। इन पदों में नेक कुंज कृपा कर अईये... बैठे हरि राधा संग... एवं लालन उचाय देओ मेरी गगरी... आदि प्रमुख रहे। देर रात आम्रकुंज (फल बंगला) में विराजमान ठाकुर गिरधरनाथ जी के भक्तों ने दर्शन किए। मंदिर के सेवायत श्रीहरि सुरेशाचार्य ने कहा कि वर्ष में एक बार आम महोत्सव का आयोजन किया जाता है। आज ग्रीष्मकाल में ठाकुरजी आम्रकुंज में विराजमान हुए हैं। ठाकुरजी को सुख प्रदान करने के लिए उन्हें विभिन्न मेवों से निर्मित अमरस अर्पित किया गया है।