एटा कोतवाली देहात क्षेत्र के गांव कठौली में बुधवार की सुबह करीब 10 बजे मानपाल सिंह यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। शाम को पोस्टमार्टम के बाद गांव में शव पहुंचा तो चीत्कार मच गया। कड़ी सुरक्षा के बीच पुलिस की मौजूदगी में अंतिम संस्कार कराया गया। किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस टीम को तैनात किया गया है। छह नामजद हत्यारोपियों में से पुलिस किसी को भी नहीं पकड़ सकी है।
मानपाल की हत्या करने वाले नामजद आरोपियों के घरों पर ताले लटक रहे हैं, सभी आरोपी फरार हैं। सूत्रों की मानें तो तीन महिलाओं को पुलिस ने पकड़ लिया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिशें दी जा रही हैं। दबाव बनाया जा रहा है कि आरोपियों पर जल्द शिकंजा कसा जा सके। वहीं गांव में सुरक्षा की दृष्टि से वारदात के बाद से ही एक उप निरीक्षक, चार आरक्षी और क्यूआरटी टीम को लगाया गया है।
ग्रामीणों में दहशत
पुलिस फोर्स की मौजूदगी के बाद भी ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। इसको लेकर बृहस्पतिवार को भी थाना प्रभारी नित्यानंद पांडेय ने गांव में भ्रमण कर पीड़ित पक्ष के लोगों को सांत्वना दी और डर व दहशत को दूर करने के लिए पैदल मार्च भी किया। इसके साथ ही आश्वस्त किया कि डरने की जरूरत नहीं है। अपराधियों पर गैंगस्टर और गुंडा अधिनियम की कार्रवाई की जाएगी।
12 बोर की बंदूक से चलाई गई थीं गोलियां, 22 छर्रे भी शरीर में मिले
सीओ सिटी विक्रांत द्विवेदी ने बताया कि मानपाल को 12 बोर के असलहा से गोली मारी गई थी। शरीर में गोली के साथ ही 22 छर्रे पाए गए हैं। इसकी वजह से मौत होना पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया है। गांव में पुलिस तैनात है और थाना पुलिस भी भ्रमण कर रही है। लोगों के बीच बैठी दहशत को निकालने के लिए लगातार प्रयास किया जा रहा है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित स्थानों पर दबिश दी जा रही हैं।