पुलिस भर्ती परीक्षा के नियम महिला परीक्षार्थियों के लिए किसी अग्नि परीक्षा से कम नहीं रहे। फिरोजाबाद के एमजी गर्ल्स इंटर कॉलेज में महिलाओं को परीक्षा देने के लिए मंगलसूत्र, कुंडल, नाक में पहनी लोंग और बाली तक उतरवाईं गई।
परीक्षा के नियम इतने कड़े कर दिए गए कि महिलाओं को हिंदू रीति रिवाज की परंपराओं को लांघना पड़ा। कई महिलाओं ने आपत्ति दर्ज कराई। मगर पुलिस अधिकारी एक बात सुनने को तैयार नहीं हुए।
पुलिस भर्ती परीक्षा देने आई कई महिलाएं नवविवाहित थीं। इसलिए धर्म के रीति-रिवाज के अनुसार गले में सुहाग के प्रतीक मंगलसूत्र पहने हुई थी। साथ ही कानों में कुंडल, बाली एवं लोंग भी पहने हुईं थी।
मंगलसूत्र समेत जेवर उतरवाए
महिला अभ्यर्थी से उतरवाया मंगलसूत्र
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एमजी गर्ल्स इंटर कॉलेज के गेट पर ही महिला अभ्यर्थियों को रोक दिया गया। उनके मंगलसूत्र समेत जेवर उतारकर आने को कहा गया। महिलाएं यह आदेश सुनकर अचंभित रह गईं। बालों में लगी क्लिप पर निकलवा दी गई।
अलीगढ़ से परीक्षा देने आयी राजकुमारी एवं आरती ने कहा कि शादी से अभी तक एक बार भी मंगलसूत्र नहीं उतारा है। मगर परीक्षा देने के लिए यह आदेश समझ से परे हैं। महिलाओं को पेपर देने के लिए नियमों का पालन करना पड़ा।
जूते, चप्पल, बेल्ट अभ्यर्थियों को परीक्षा कक्ष तक नहीं जाने दिए। जिस गेट पर एंट्री की जा रही थी, उससे बाहर ही जूते, चप्पल, बेल्ट उतरवाकर परीक्षार्थियों को परीक्षा देने को कहा गया। एक परीक्षार्थी की टीशर्ट पर टैग लगा था उसे भी सर्च से दौरान ब्लेड से काट दिया गया।
सात केंद्रों पर कराई गई परीक्षा
एसपी ग्रामीण महेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस भर्ती परीक्षा कराने की जिम्मेदारी टीसीएस कंपनी के पास थी। पुलिस ने सिर्फ उनका सहयोग किया। कंपनी द्वारा जारी निर्देशों में परीक्षा केंद्र के अंदर कोई जेवरात या गहने पहनकर नहीं जाने के आदेश थे। पुलिस ने किसी के जेवरातों को नहीं उतरवाया खुद परीक्षार्थियों ने उतारे हैं।
राज्य महिला आयोग की सदस्य सुमन चतुर्वेदी ने कहा कि उनके संज्ञान में पूरा मामला आया है। मंगलसूत्र तो सुहागिन महिलाओं के सुहाग का प्रतीक है। इस तरह से मंगलसूत्र तक उतरवा लेना निंदनीय है। उन्होंने कहा कि वो भी टीचर रही हैं लेकिन इस तरह की बात परीक्षा में नहीं होनी चाहिए।
जिलें में सख्त सुरक्षा प्रबंधों के बीच सात परीक्षा केंद्रों पर पुलिस भर्ती परीक्षा हुई। पहली पाली में सात केंद्रों पर करीब 4200 परीक्षार्थी पंजीकृत थे। कई ने सख्ती का अंदाजा लगाते हुए परीक्षा छोड़ दी। एक छात्रा नकल करते पकड़ी गई जिसके खिलाफ मामला दर्ज कराया।