एटा। रुपये के खातिर एक व्यक्ति ने मामा और भांजी का रिश्ता तार-तार कर दिया। मामा ने महज 23 हजार रुपये के लिए अपनी शादीशुदा और गर्भवती भांजी को बेच दिया। मिरहची के अमृतपुर गांव में जब महिला ने बच्चे को जन्म दिया तो मामला खुला और ग्रामीणों की शिकायत पर पुलिस ने महिला को बरामद किया। इस मामले में मामा को गिरफ्तार कर दो लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
फतेहपुर जिले के थाना हुसैनपुर के एक गांव निवासी एक व्यक्ति ने अपने भांजी का विवाह करीब दो वर्ष रायबरेली थाना भदोवार के एक निवासी युवक के साथ किया था। गर्भवती होने के चलते 10 जून को उसने पत्नी को मामा के घर जाने के लिए टेंपो में बैठा दिया। 21 जून को पति अपनी पत्नी को लेने उसके मामा के घर गया। यहां मामा ने उसे यह कहते हुए भगा दिया कि उसने अपनी भांजी की शादी दूसरी जगह कर दी है। इस पर उसने खोजबीन कर पता लगाया तो जानकारी हुई कि मामा ने उसकी पत्नी को 23 हजार रुपये में सकरौली के गांव बैरहार निवासी रिंकू पुत्र महेंद्र को बेंच दिया है। वह उसे लेकर मिरहची के अमृतपुर गांव में छुपाकर रह रहा था। यहीं महिला ने एक बच्चे को जन्म दिया। इस पर गांव के लोगों को शक हुआ और उन्होंने शिकायत पुलिस से की। पुलिस ने 181 नंबर पर सूचना देकर महिला हेल्प लाइन की मदद से महिला को बरामद किया और उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इसके बाद महिला के पति की तहरीर पर बुधवार को थाना मिरहची में महिला के मामा और रिंकू के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने मामा को गिरफ्तार कर लिया है।
महिला को बेचे जाने का मामला प्रकाश में आया था। महिला के बयान दर्ज कराने के बाद उसके पति की तहरीर पर मुकदमा दर्ज हुआ है। महिला को उसके पति के सुपुर्द कर दिया गया है। पुलिस ने मामा को गिरफ्तारी कर लिया है। - संजय कुमार, एएसपी