फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पत्नी को जलाकर मार डालने के दोषी सीआईएसएफ कर्मी को आजीवन कारावास

विज्ञापन
विज्ञापन
आगरा। अपर जिला जज नसीमा ने थाना जगदीशपुरा के पत्नी की जलाकर हत्या में दोषी सीआईएसएफ कर्मी को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अब उसे आखिरी सांस तक जेल में रहना होगा। 50 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया गया है।
विज्ञापन

बालाजीपुरम् निवासी रमेश चंद ने बेटी लक्ष्मी की शादी फरवरी 2012 को रविंद्र सिंह के साथ की थी। वह मूलरूप से नदबई, भरतपुर का रहने वाला था। पिता ने शादी के बाद बेटी को अपने घर के पास ही प्लॉट दे दिया। लक्ष्मी रेलवे में नौकरी करती थी। रविंद्र सिंह सीआईएसएफ में तैनात थे। वादी ने आरोप लगाया था कि रविंद्र सिंह बेहद क्रोधी, सनकी और हिंसक प्रवृत्ति का व्यक्ति था। आए दिन बेटी से मारपीट करता था। उस पर शक करता था। वह कार और मकान को अपने नाम करने का दबाव बनाता था।
13 अप्रैल 2018 की शाम साढ़े छह बजे लक्ष्मी ड्यूटी खत्म करके घर पहुंची। रविंद्र ने लक्ष्मी की पिटाई की। उस पर सहकर्मियों से बातचीत करने का आरोप लगाया। इस दौरान मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी। घटना की जानकारी पर परिजन पहुंचे। लक्ष्मी को अस्पताल में भर्ती कराया। 11 दिन बाद लक्ष्मी की इलाज के दौरान मौत हो गई। लक्ष्मी के मृत्यु पूर्व बयान मजिस्ट्रेट में लिए। इसमें पति के खिलाफ बयान दिया। रमेश चंद ने थाना जगदीशपुरा में मुकदमा दर्ज कराया।
विज्ञापन

कोर्ट ने अपने निर्णय में कथन किया कि किसी भी महिला को सामाजिक, मानसिक, शारीरिक, मनोवैज्ञानिक और आर्थिक संबल प्रदान करने की प्राथमिक जिम्मेदारी उसके पति की होती है। ऐसे में यदि पति ही रक्षक की जगह भक्षक बनाए जाए तो वह किसी रहम और हमदर्दी का अधिकारी नहीं होता है। कोर्ट ने पति को आजीवन कारावास से दंडित किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें