पीएम नरेंद्र मोदी के साथ नाजिया खान (फाइल फोटो)
राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार से सम्मानित आगरा की नाजिया खान के खिलाफ कोर्ट के आदेश पर थाना ताजगंज में मुकदमा दर्ज किया गया है। इसमें उसकी मां, चाचा सहित अन्य परिजनों को भी नामजद किया गया है।
आरोप है कि इन लोगों ने अधिवक्ता कृपाल सिंह वर्मा और उनके परिजनों की पिटाई की। पथराव किया और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने की कोशिश की। पुलिस ने चौथ वसूली की धाराएं भी लगाई हैं।
ताजमहल पूर्वी गेट के पास ताजगंज निवासी कृपाल सिंह वर्मा ने कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें आरोप लगाया कि 11 अप्रैल को आई आंधी में उनके रेस्टोरेंट का टिनशेड उड़ गया था।
नाजिया व उसके परिवार लगे ये आरोप
रेस्टोरेंट का मामला सिविल न्यायालय में विचारधीन है। इसलिए टिनशेड को ठीक कराने के लिए जिलाधिकारी से अनुमति मांगी थी। जिलाधिकारी के आदेश पर रेस्टोरेंट का मरम्मत कार्य करा रहे थे।
तभी मुन्ना, सादी राजा, नाजिया खान सहित अन्य लोग मौके आए। उन्होंने दस हजार रुपये की चौथ मांगी। मना करने पर भाई से गालीगलौज की। कृपाल सिंह की मां जावित्री देवी को पीटा।
कृपाल सिंह और उनके बड़े भाई यशपाल की जमीन पर गिराकर पिटाई की गई। इन लोगों ने पथराव भी किया। थाने पहुंचने पर पुलिस ने मेडिकल कराया, लेकिन मुकदमा दर्ज नहीं किया।
इन लोगों पर मुकदमा दर्ज
अधिवक्ता उमेश कुमार वर्मा ने पैरवी की। कोर्ट ने मुकदमा दर्ज करने के आदेश किए। इस पर थाना ताजगंज में दो दिन पहले मुकदमा दर्ज कर लिया गया। पुलिस जांच कर रही है।
मुकदमे में नाजिया खान, मुन्नी (मीरा हुसैनी), मुन्ना सादी, राजा, सलमान उर्फलाला, इमामुद्दीन, छोटू और कल्याण सिंह (ढोलीखार) को नामजद किया है। इसमें धारा बलवा, मारपीट, चौथ वसूली, जान से मारने की धमकी, डकैती की धाराएं हैं।
वीरता पुरस्कार प्राप्त नाजिया ने अधिवक्ता पक्ष पर हमले का आरोप लगाया था। पुलिस ने नाजिया की तहरीर पर अधिवक्ता सहित अन्य लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। इस मामले में की जांच की जा रही है।
नाजिया ने बताया था कि वो अपने चाचा की जमीन के विवाद में पहुंची थी। तभी उन पर हमला बोला गया। दोनों पक्षों की मारपीट का वीडियो भी वायरल हुआ था। नाजिया की ओर से दर्ज मुकदमे की जांच थाना मंटोला में चल रही है।