महिला सिपाही रक्षाबंधन पर बस में सफर कर रही थी। इस दौरान किसी ने उसका बैग काटकर उसमें से गहने चोरी कर लिए। महिला सिपाही को इस बात की भनक तक नहीं लग सकी। पीड़िता ने 40 दिन बाद थाने में तहरीर देते हुए शिकायत दर्ज कराई है।
आगरा में रक्षाबंधन पर बस से मायके जा रहीं सिकंदरा थाने की महिला सिपाही के बैग को काटकर चोरों ने गहने चुरा लिए। सिपाही ने 40 दिन बाद थाने में तहरीर दी। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बस चालक और परिचालक पर मिलीभगत का शक जताया गया है।
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महिला सिपाही रंजना पाल सिकंदरा स्थित पुलिस आवास में रहती हैं। उन्होंने बताया कि 18 अगस्त को अपने घर औरैया जाने के लिए आईएसबीटी से बस में बैठी थीं। अपने दो ट्राॅली बैग चालक सीट के बराबर में रख दिए। बैग में सोने की एक अंगूठी और कानों के कुंडल थे। घर पहुंचने पर देखा कि एक बैग कटा है और जेवर गायब हैं।
उन्होंने पुलिस को बताया कि आईएसबीटी से जिस बस में सवार हुई थीं, उसमें 4-5 लोग और थे। बस के शहर से निकलते ही चालक से कहने लगे कि उनकी एक सवारी और है। उसे भी बैठाना है। चालक ने बस काे रोक दिया लेकिन बस से उतरे लोग वापस नहीं आए। चालक ने बस आगे बढ़ा दिया। इस बारे में परिचालक से कहा भी लेकिन वह चुप रहा। उनका जो बैग नीचे था उसे ऊपर और जो ऊपर था उसे नीचे कर दिया गया था। उन्होंने शक जताया कि चोरी करने वालों के साथ चालक और परिचालक भी मिले थे। थाना प्रभारी का कहना है कि जांच के लिए टीम को लगाया गया है।