ताज महोत्सव के मुक्ताकाशीय मंच पर बृहस्पतिवार की शाम हंसी और ठहाकों के नाम रही। सांस्कृतिक कड़ियों में मशहूर कॉमेडियन कृष्णा अभिषेक ने अपनी कॉमेडी नाइट से दर्शकों को लोटपोट कर दिया।
मंच पर आते ही कृष्णा ने अपने चिर-परिचित मजाकिया अंदाज और पंच लाइनों से दर्शकों का दिल जीत लिया। उन्होंने समसामयिक विषयों, बॉलीवुड और पारिवारिक रिश्तों पर ऐसे चुटकुले सुनाए कि पंडाल में ठहाके गूंज उठे। कॉमेडी सर्कस और द कपिल शर्मा शो के अपने प्रसिद्ध किरदारों की झलक पेश कर उन्होंने स्थानीय लोगों को झूमने पर मजबूर कर दिया। महोत्सव में उमड़ी भारी भीड़ ने उनके डांस मूव की भी सराहना की। सुहानी शाम में कृष्णा की कॉमेडी ने मौसम को खुशनुमा कर दिया। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे ताकि प्रशंसक अपने पसंदीदा कलाकार को करीब से देख सकें।
कॉमेडियन कृष्णा बोले-वाह ताज
फतेहाबाद रोड स्थित टाटा मैदान पर चल रहे ताज महोत्सव में दर्शकों को गुदगुदाने के लिए मशहूर कॉमेडियन और अभिनेता कृष्णा अभिषेक बृहस्पतिवार को आगरा आए। महोत्सव के मंच पर अपनी प्रस्तुति देने से पहले कृष्णा ने ताजमहल का दीदार किया। सफेद संगमरमरी हुस्न को देखकर कृष्णा मंत्रमुग्ध नजर आए।
जैसे ही कृष्णा अभिषेक ताजमहल परिसर में पहुंचे, पर्यटकों की भारी भीड़ उन्हें देखने के लिए उमड़ पड़ी। द कपिल शर्मा शो में सपना के किरदार से घर-घर में मशहूर हुए कृष्णा को अपने बीच पाकर लोग उत्साहित दिखे। उन्होंने प्रशंसकों को निराश नहीं किया, मुस्कुराते हुए लोगों का अभिवादन किया और डायना बेंच के पास खड़े होकर कई तस्वीरें खिंचवाईं।
आगरा का प्यार और पेठा, दोनों लाजवाब
ताजमहल भ्रमण के दौरान कृष्णा ने कहा कि ताजमहल को जितनी बार देखो, कम ही लगता है। यह सिर्फ एक इमारत नहीं, बल्कि अहसास है। आगरा की मेहमाननवाजी और यहां का प्यार हमेशा खींच लाता है।
ताज महोत्सव में वनटांगिया बेटियों ने किया कैटवॉक
फतेहाबाद रोड स्थित टाटा मैदान पर हो रहे ताज महोत्सव में बृहस्पतिवार को रैंप पर आधुनिक मॉडल्स के साथ वनटांगिया समुदाय की बेटियों ने कैटवाॅक किया। बेटियों के आत्मविश्वास को देखकर पूरा पंडाल तालियों से गूंज उठा। निर्देशन फैशन कोरियोग्राफर सुगम सिंह शेखावत ने किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वनटांगिया गांवों को गोद लेकर उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ा था। समुदाय की बेटियों ने पारंपरिक वेशभूषा के साथ आधुनिक फ्यूजन को जिस गरिमा के साथ उन्होंने पेश किया, वह काबिले तारीफ रहा।