10 दिन पहले विक्रमपुर घाट पर छापेमारी के दौरान रेंजर पर खनन माफिया के ट्रैक्टर चढ़ाने की कोशिश, एक पुलिस कर्मी की भूमिका सामने आने और खनन में होमगार्ड के पुत्र के शामिल होने के मामले में पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। यमुना, उटंगन और चंबल नदी से खनन पर भी कोई अंकुश नहीं लगा। यह मामला अब खनन राज्यमंत्री अर्चना पांडेय तक पहुंच गया है। उन्होंने सोमवार को खनन विभाग का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सामने प्रजेंटेशन के बाद कार्रवाई का आश्वासन दिया है। माना जा रहा है कि शासन जल्द ही अवैध खनन पर जानकर अनजान बन रहे अफसरों पर एक्शन ले सकता है।
बता दें कि 10 दिन पहले छापामारी कर वन विभाग ने होमगार्ड भदई लाल के पुत्र गिर्राज को खनन में लिप्त ट्रैक्टर ट्राली के साथ पकड़ा था। बाद में उसे मुचलके पर छोड़ दिया गया था। पुलिस कर्मी की भूमिका की जांच के लिए भी वन विभाग की तरफ से पुलिस कर्मी को बचाने में लीपापोती की थी। हालांकि अब पुलिस कर्मी के मोबाइल नंबर को सीओ सतीश शर्मा ने आईटी में जांच के लिए भेज दिया है। उन्होंने पुलिस कर्मी के चिह्नित होने के बाद कार्रवाई की बात कही है। वहीं, सूत्र बताते हैं कि पुलिस कर्मी ने मोबाइल नंबर किसी दूसरे की आईडी पर हासिल किया है। स्थानीय लोगों ने इटावा पहुंची खनन राज्यमंत्री अर्चना पांडेय से यमुना, चंबल और उटंगन नदी से हो रहे अवैध खनन में लिप्त वन विभाग और पुलिस कर्मियों की लिप्तता की शिकायत की। इस पर मंत्री ने सोमवार को मुख्यमंत्री के सामने प्रजेंटेशन के बाद मामले में कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
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चंबल में न घड़ियालों के अंडे सुरक्षित और न पक्षियों के घोंसले
बाह। वन विभाग की छापेमारी के बाद माफिया ने चंबल नदी से बालू के खनन और लकड़ी के अवैध कटान के तौर तरीके बदल लिए हैं। अब ऊंटों के जरिए काम को अंजाम दिया जा रहा है। ऐसे में न तो घड़ियालों के अंडे सुरक्षित हैं और न ही पक्षियों के घोंसले। चंबल नदी से बालू का अवैध खनन ट्रैक्टर ट्रालियों से हो रहा था। तो अवैध कटान की लकड़ी भी ट्रैक्टर ट्रालियों से ठिकाने लगाई जा रही है। राजस्थान से सटे रेहा से लेकर इटावा से जुडे़ उदयपुर खुर्द तक बाह रेन्ज में खनन का खेल चल रहा है। इससे घड़ियालों के अंडे भी नष्ट हो रहे हैं। पक्षियों के रहन सहन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा।
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तांतपुर में बालू से भरा ट्रक सीज
तांतपुर। रविवार की दोपहर को राजस्थान के सवाई माधोपुर से चालक बंटी ट्रक में 35 टन बालू भरकर तांतपुर के लिए चला था। बाजार में निकलने के दौरान गश्त कर रही पुलिस ने ट्रक को रुकवा लिया। थानाध्यक्ष बसई जगनेर ज्ञानप्रकाश तिवारी ने बताया कि चालक के पास राजस्थान के कागज तो हैं लेकिन यूपी के कागज न होने के कारण ओवरलोड ट्रैक पकड़ा गया है। ट्रक को सीज कर खनिज अधिकारी आगरा और जिलाधिकारी खेरागढ़ को अवगत कराया गया है।
सफेदपोशों के संरक्षण में चल रहा
लाल पत्थर का काला कारोबार
आगरा। खनन माफियाओं के हौसले बुलंद हैं। प्रदेश में सरकार बदलने के बाद भी अवैध खनन का कारोबार जारी है। खेरागढ़ तहसील क्षेत्र इसका केंद्र बना हुआ है। पहले हरे और लाल रंग के झंडे के बैनर तले यह कारोबार फलफूल रहा था। मगर, अब झंडे का रंग बदलने के साथ ही सालों पुराने इस अवैध कारोबार के संरक्षणदाता भी बदल गए हैं।
खेरागढ़ के तांतपुर और जगनेर में लाल पत्थर का अवैध खनन होता है। खनन के सारे पट्टे पिछले साल ही निरस्त हो चुके हैं। इसके बावजूद अवैध तरीके से इस धंधे का संचालन हो रहा है। दरअसल, राजस्थान सीमा से लगे होने के कारण खनन माफिया सख्ती होने पर कभी इस पार तो कभी उस पार नजर आते हैं। सूत्रों की मानें तो जब राजस्थान की ओर से अवैध खनन का दांव लगता है तो वहां के ठेकेदार उत्तर प्रदेश की सीमा से लगे क्षेत्रों में लाल पत्थर एकत्रित कर देते हैं। यह कई दिनों तक इनका ढेर लग रहता है। बाद में मौका लगते ही इन्हें खपा दिया जाता है। इन पत्थरों को काटने के लिए चोरी छुपे क्रेशर भी संचालित हो रहे हैं। बता दें कि पिछले दिनों मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अवैध खनन रोकने के सख्त निर्देश जारी किए थे। इस पर प्रशासन ने भी सख्ती की। मगर, कुछ लोगों ने अंदरखाने अधिकारियों पर दबाव बनाया। बता दें कि अवैध खनन से जुड़े लोगों ने शनिवार को खेरागढ़ एसडीएम की सरकारी गाड़ी को टक्कर मारकर पलटने की कोशिश की थी। उन्होंने जब इन ट्रकों को रुकवाया, तभी यहां भाजपा का झंडा लगी एक कार पहुंची थी। रोड संकरी होने के कारण कार सवार अपनी गाड़ी को नहीं ले पाए थे, ऐसे में वह इसे वहीं छोड़कर भाग निकले थे। पुलिस इस गाड़ी की पड़ताल कर रही है। क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि पहले सपा का झंडा लगी गाड़ियां पत्थरों की ढुलाई करने वाले ट्रकों के आसपास नजर आती थीं और अब भाजपा का झंडा लगीं। चर्चा है कि पिछले दिनों खेरागढ़ एसडीएम का तबादला भी सत्ताधारी दल के एक सफेदपोश की शिकायत पर किया गया था।
मिट्टी का चल रहा अवैध कारोबार
अछनेरा। कस्बे में मिट्टी का अवैध कारोबार खूब चल रहा है। रात के अंधेरे में बुलडोजर से मिट्टी के ट्रक और ट्रैक्टर भरकर ले जाए जा रहे हैं। इस पर कोई लगाम नहीं लग पा रही है। बता दें कि मिट्टी का खनन भी बिना स्वीकृति के नहीं किया जा सकता।