कांग्रेस पार्टी के राज्यसभा सांसद राजबब्बर ने केंद्रीय मानव संसाधन विकास राज्यमंत्री डा. रामशंकर कठेरिया के विवादित बयान पर कहा कि कठेरिया या तो आरएसएस की शिक्षा भूल गए या फिर आरएसएस सभ्य बनने का दिखावा करती है। उन्हें माफी मांगनी चाहिए। राजबब्बर शनिवार को रामगोपाल राठी की जन्मशताब्दी में शामिल होने आगरा आए हुए थे। इस दौरान उन्हाेंने पत्रकारों से कहा कि भारतीय जनता पार्टी देश को दादरी और बाबरी की घटनाओं पर बांटना चाहती है। दंगों में भाजपा और सपा दोनों की मिलीभगत है। यह दोनों पार्टियां राजनीतिक लाभ लेने के लिए इस तरह का माहौल बनाए रखना चाहती हैं। उन्होंने कहा, बिहार चुनाव में एनडीए की शिकस्त होने वाली है। रही बात यूपी की, तो यहां पर कांग्रेस एक बार फिर से सरकार बनाएगी।
गंगा-जमुनी तहजीब के बड़े पैरोकार थे बौहरे राम गोपाल: राजबब्बर
एमडी जैन कालेज के सभागार में शनिवार को कांग्रेसी नेता बौहरे राम गोपाल राठी का जन्म शताब्दी समारोह मनाया गया। इस दौरान रजत सिक्के का भी अनावरण किया गया। साथ ही शहर व समाज की सेवा करने वाले 21 लोगों का अभिनंदन भी हुआ। शुभारंभ मुख्य अतिथि राजबब्बर व गुरुजी पीके सेठी ने बौहरे राम गोपाल राठी की तस्वीर पर माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलित कर किया। राजबब्बर ने कहा कि बौहरे राम गोपाल राठी किसी जाति, धर्म से नहीं बंधे थे। वह गंगा-जमुनी तहजीब के बड़े पैरोकार थे। उन्होंने सेठ गली की मिठास को पूरे भारत में फैलाया। उन्होंने हमेशा से गांधी जी के मूल्यों को जिंदा रखने के लिए लड़ाई लड़ी। पूर्व सांसद निहाल सिंह जैन ने कहा कि राम गोपाल राठी उच्च मूल्यों में आस्था रखने वाले सेवाभावी नेता थे। आजादी के आंदोलन में महती भूमिका निभाई। डा. आरएस पारीक ने कहा कि वह प्रेरक महापुरुष हैं। संचालन पवन आगरी ने व उनका सहयोग पीसी नरवार ने किया। राजबब्बर द्वारा समाज की उल्लेखनीय सेवा करने वालों को माला, शॉल, बैज व रजत मुद्रा प्रदान कर सम्मानित किया गया।