आगरा। जिला अस्पताल की जनरल ऑपरेशन थिएटर (जीओटी) में ऑक्सीजन पाइपलाइन अधर में लटक गई है। 20 दिन से अधिक समय होने पर भी पाइपलाइन नहीं बिछाई जा सकी है। कार्यदायी संस्था ने पाइप की कमी के कारण काम बंद कर दिया है। ऐसे में ऑपरेशन के लिए सिलिंडर का सहारा लेना पड़ रहा है।
जिला अस्पताल में 500 लीटर प्रति मिनट की क्षमता से ऑक्सीजन बनाने का प्लांट तैयार हो गया है। इससे इमरजेंसी, महिला-पुरुष वार्ड, बच्चों के आइसोलेशन वार्ड से ऑक्सीजन की पाइपलाइन पहुंचा दी हैं, लेकिन सामान्य ऑपरेशन थिएटर तक ऑक्सीजन पाइपलाइन का कार्य लटका हुआ है। यहां पर रोजाना सात से 10 मरीजों के ऑपरेशन किए जाते हैं। सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम कर पाइपलाइन का कार्य पूरा नहीं हो पाने के कारण ऑक्सीजन सिलिंडर का उपयोग करना पड़ रहा है।
इसके पाइप कार्यदायी संस्था मुंबई से मंगवा रही है, इस कारण संस्था ने बीच में कार्य बंद कर दिया था। कार्यदायी संस्था से दो-तीन दिन में पूरा करने के लिए कहा गया है। पीकू वार्ड पूरी तरह से तैयार हो गया। वेंटीलेटर लग गए हैं, ऑक्सीजन की सप्लाई का कार्य भी पूरा हो गया है। डॉ. एके अग्रवाल, प्रमुख अधीक्षक
जिला अस्पताल में कोरोना वायरस की तीसरी लहर की आशंका पर बच्चों के लिए आइसोलेशन (पीकू) वार्ड तैयार हो गया है। इसमें 40 बेड हैं, जिसमें से 20 पर वेंटीलेटर लगाए गए हैं, इस पर गंभीर हाल के बच्चों को इलाज मिलेगा। सभी बेड पर सीधे ऑक्सीजन की सुविधा भी है। प्लांट से वार्ड तक पाइपलाइन का कार्य पूरा हो गया है।
जिला अस्पताल में तैयार पीआईसीयू वार्ड- फोटो : Agra City