प्रदेश सरकार का एक साल पूरा होने पर सिंचाई मंत्री धर्मपाल सिंह ने रविवार को योगी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। कहा है कि बिजली, पानी, शिक्षा व स्वास्थ्य आदि क्षेत्रों में सरकार ने ठोस कदम उठाए हैं। लोग बेहतर दिनों की आस करने लगे हैं।
प्रदेश सरकार नदियों के संरक्षण के साथ ही छह नदियों को पुनर्जीवित करने की कवायद कर रही है। सर्किट हाउस में प्रेसवार्ता के दौरान उन्होंने कहा कि अंतरराज्यीय स्तर पर नदियों को जोड़ने का काम किया जा रहा है।
मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश सरकार के बीच केन व बेतवा नदियों को जोड़ने पर समझौता हुआ है। प्रदेश की कानून व्यवस्था बेहतर हुई है। इनवेस्टर्स समिट में उद्यमियों का शामिल होना और प्रदेश में निवेश की घोषणाएं करना, इसका उदाहरण है।
किसानों का एक लाख का कर्जा माफ हुआ। वर्षा के पानी के संरक्षण और बाढ़ नियंत्रण को ध्यान में रखते हुए गोमती, तमसा, वरुणा, सई, अरैल और सोत नदियों को पुनर्जीवित किया जा रहा है।
राष्ट्रीय स्तर की चार परियोजनाओं (मध्य गंगा नहर, सरयू नहर, बाण सागर और अर्जुन सहायक परियोजना) के लिए धन आवंटित किया गया है। पिछली सरकारों में ये परियोजनाएं उपेक्षित थीं।
मध्य गंगा नहर परियोजना से बिजनौर, मुजफ्फरनगर, संभल और मुरादाबाद, सरयू परियोजना से पूर्वांचल के नौ जिले, बण सागर परियोजना से मिर्जापुर, इलाहाबाद व अर्जुन सहायक परियोजना से बुंदेलखंड क्षेत्र के लोग लाभान्वित होंगे।
उन्होंने कहा कि सिंचाई विभाग की जमीन पर से कब्जे न हटने पर सिंचाई मंत्री ने सख्त रुख अपनाया। कहा कि विभागीय अधिकारियों से फिर से इन्हें चिह्नित कराकर जल्द कार्रवाई कराई जाएगी।