जिलाधिकारी मनीष बंसल ने बताया कि आमजन को स्व-गणना के लिए 15 दिन का समय दिया गया है। 7 से 21 मई तक नागरिक जनगणना पोर्टल
se.census.gov.in पर जाकर मोबाइल या लैपटॉप के जरिए 33 सवालों के जवाब भर सकेंगे। ऑनलाइन जानकारी अपलोड करने के बाद एक यूनिक जनरेट होगी, जिसे संभाल कर रखना अनिवार्य है। सत्यापन के समय यह आईडी गणनाकर्मी को बतानी होगी।
जनप्रतिनिधि भी करेंगे शुरुआत
सबसे पहले जिले के सांसदों, विधायकों और मंत्रियों से भी स्व-गणना कराई जाएगी ताकि आमजन को प्रेरणा मिले। सभी सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों को सपरिवार ऑनलाइन डेटा फीड करने के निर्देश दिए गए हैं। अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार ने बताया कि यह पहल डिजिटल इंडिया की दिशा में बड़ा कदम है, जिससे डेटा में पारदर्शिता और शुद्धता सुनिश्चित होगी।