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आईजी के सख्त निर्देश, ट्रकों से श्रमिकों को लाने पर चालक और मालिक पर होगा मुकदमा

Sun, 17 May 2020 11:45 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

औरैया हादसे के बाद आगरा और मथुरा के बॉर्डर पर सख्ती
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आईजी ए सतीश गणेश - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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औरैया हादसे के बाद आगरा और मथुरा के बॉर्डर पर सख्ती कर दी गई है। लॉकडाउन में प्रवासी मजदूरों को ट्रक और डीसीएम में लाने वाले चालक और वाहन स्वामी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के निर्देश बॉर्डर के थानों की पुलिस को दिए गए। शनिवार को आईजी ए सतीश गणेश ने फतेहपुर सीकरी-राजस्थान सीमा और कोसी के कोटवन बॉर्डर का दौरा किया। 
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लॉकडाउन के बाद से दिल्ली, हरियाणा, गुजरात, राजस्थान, महाराष्ट्र सहित कई राज्यों से प्रवासी मजदूर अपने घरों का रुख कर रहे हैं। ऐसे में वाहनों से लोग जा रहे हैं। ट्रक, डीसीएम, लोडर वाहनों के चालक मजदूरों से किराया वसूल करके घर ले जा रहे हैं। शनिवार सुबह औरैया जिले में दिल्ली-कोलकाता हाईवे पर एक ढाबे के पास चाय पीने को रुकी मजदूरों से भरी डीसीएम में चूना लदे ट्रॉला की टक्कर से 24 लोगों की मौत हो गई थी। 

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घटना के बाद शासन ने भारी वाहनों में आने वाले श्रमिक और मजदूरों को लाने के लिए बसों की व्यवस्था करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। इसके लिए बॉर्डर पर ही पुलिस सक्रिय हो गई। आईजी ए सतीश गणेश ने बताया कि जो ट्रक, टैंकर, डीसीएम चालक अपने वाहन में मजदूरों को बैठाकर लाएंगे, उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा। वाहन को सीज किया जाएगा। मुकदमे में वाहन स्वामी को भी नामजद करेंगे। 

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प्रशासन की ओर से खाने का इंतजाम 
मजदूरों के लिए प्रशासन की ओर से खाने का इंतजाम किया गया है। बॉर्डर पर पैदल, साइकिल और अपने वाहनों से आने वाले मजदूरों को रोका गया। उनके खाने और पीने के इंतजाम किए गए। इसके बाद बसों से गंतव्य के लिए रवाना किया गया। 

आईजी ने एडीजी रेवाड़ी और भरतपुर डीआईजी को लिखा पत्र 
भरतपुर के डीआईजी और रेबाड़ी के एडीजी को आईजी ने पत्र लिखा है। इसमें कहा है कि ट्रकों सहित अन्य प्रकार के वाहनों से श्रमिकों को न आने दिया जाए। इस तरह के वाहनों को अपने क्षेत्र में ही रोककर कार्रवाई करें। बसों से मजदूरों के आने का इंतजाम किया जाए। 

ठेका लेकर ला रहे ट्रक चालक 
ट्रक चालक लोगों से मोटी रकम किराये के रूप में वसूलकर जिलों में पहुंचाने का ठेका ले रहे हैं। कई मजदूर फैक्टरी मालिकों की ओर से उपलब्ध कराए गए वाहनों से आ रहे हैं। 

शाम तक 25 बसों में गए 1055 श्रमिक 
कोटवन बॉर्डर पर मजदूरों के खाने पीने के इंतजाम किए गए थे। शाम तकरीबन पांच बजे तक बॉर्डर पर 1055 मजदूरों और उनके परिजनों को बसों से भेजा गया। इसके लिए 25 से अधिक बस लगाई गईं।
 
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