आगरा। महिला सहित तीन बच्चों की मौत के मामले में अदालत ने थाना फतेहाबाद क्षेत्र के गांव नगला गड़रियान निवासी प्रमोद और उसकी मां सुरजमुखी उर्फ सूरजों को दहेज हत्या व अन्य आरोपों में दोषी पाया। एडीजे-11 ने दोषियों को साढ़े पांच कारावास के साथ 25-25 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुना दी। ससुर की मौत होने पर उसकी पत्रावली बंद कर दी गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार दो बच्चों की मौत गला दबाकर एक का मुंह दबाने से हुई थी।
थाना फतेहाबाद में दर्ज केस के अनुसार ममता की शादी नगला गड़रियान निवासी प्रमोद के साथ हुई थी। आरोप लगाया गया था कि शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसे पांच लाख रुपये और लाने के लिए प्रताड़ित करते थे। पंचायत के बाद उन्होंने एक लाख रुपये और दो भैंस दी थीं, लेकिन प्रताड़ना बंद नहीं हुई। 25 दिसंबर 2018 को नगला गड़रियान से किसी ने ममता के मायके वालों को सूचना दी कि ममता की सास उसे प्रताड़ित कर रही है। जब मायकेवाले मौके पर पहुंचे तो तीनों बच्चों और ममता का शव जमीन पर पड़े थे। पुलिस ने मृतका के पिता मुन्नालाल गांव पहाड़पुर थाना बसई मोहम्मदपुर, फिरोजाबाद की तहरीर पर प्रमोद और उसके माता-पिता के खिलाफ दहेज हत्या व अन्य आरोपों में केस दर्ज किया था। संवाद