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Agra News: नाले के पानी से सैकड़ों बीघा फसल जलमग्न

Thu, 05 Feb 2026 02:37 AM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
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चमरौली गांव की पुलिया पर धरने पर बैठे भाकियू अराजनैतिक पदाधिकारी व किसानों से बात करते अधिकारी
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फतेहाबाद। ब्लॉक फतेहाबाद की ग्राम पंचायत चमरौली, बिलईपुरा, नगरिया गांव में नाले का पानी ओवरफ्लो होने से किसानों के खेतों में खड़ी सैकड़ों बीघा आलू और गेहूं की फसलों में पानी भर गया है। फसलें बर्बाद होने की कगार पर हैं। इसके विरोध में भाकियू अराजनैतिक ने बुधवार को धरना देकर चार घंटे तक प्रदर्शन किया।
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बुधवार को भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक के तहसील अवधेश ठाकुर व जिला प्रवक्ता रामनिवास रघुवंशी चमरौली गांव की पुलिया पर पहुंचे और किसानों के साथ धरने पर बैठ गए। वहीं किसानों का कहना था कि नाले के पानी से आलू और गेहूं की सैकड़ों बीघा फसल पूरी तरह से बर्बाद हो गई है। फसलों में हुए नुकसान का आंकलन कर मुआवजा दिया जाए। बुधवार दोपहर नायब तहसीलदार प्रमोद कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने किसानों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन किसानों का कहना था कि पानी को अभी रोका जाए। कुछ समय बाद पूर्व विधायक जितेंद्र वर्मा पहुंचे और किसानों से बातचीत की। किसानों की समस्या को लेकर जिलाधिकारी आगरा से मिलकर समाधान का आश्वासन दिया। वहीं धरनास्थल पर नाराज किसानों ने कहा कि नायब तहसीलदार को बंधक बना लो, जब तक समस्या का समाधान नहीं होगा तब तक नहीं जाने दिया जाएगा। शाम पांच बजे करीब सिंचाई विभाग के जेई पुनीत कुमार यादव मौके पर पहुंचे और किसानों से बातचीत की। सिंचाई विभाग के जेई ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि कुतकपुर रोहई के पास नाले के पानी को रोक दिया जाएगा, जिससे इधर पानी नहीं आए। विकास विभाग किसानों के खेतों में भरे पानी को पंप सेट लगाकर निकलवाएगा। उधर, तहसीलदार फतेहाबाद बबलेश कुमार व तहसीलदार प्रमोद कुमार को किसानों ने ज्ञापन देते हुए बताया कि खेतों में भरे पानी से किसानों की फसल में हुए नुकसान का सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा दिया जाए। करीब चार घंटे बाद धरना खत्म हुआ। तहसीलदार फतेहाबाद बबलेश कुमार ने बताया कि कुतुकपुर रोहई के पास पुलिया बनी हुई है। वहां पर पानी को रोक दिया गया है। किसानों की फसलों में हुए नुकसान को लेकर सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा दिया जाएगा।

चमरौली निवासी किसान शैलेंद्र सिंह ने बताया कि मेहनत मजदूरी करके 6 वीघा आलू की फसल में लगाई थी जो पानी आने के बाद पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है।

किसान चमरौली निवासी धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि 10 बीघा खेत भेज उगाई पर लेकर आलू की फसल बोई थी खेती किसानी ही परिवार के पालन पोषण का सहारा है।19 फरवरी को बेटी की शादी है।लेकिन पानी आने से पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है।अब बेटी की शादी कैसे होगी। सरकार से मुआवजे की मांग की है।
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बिलईपुरा निवासी किसान कालीचरन ने बताया कि 4 वीघा आलू की फसल मेहनत मजदूरी लगाकर की थी। नाले का पानी आने से पूरी तरह बर्बाद हो गई है। परिवार में आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

चमरौली निवासी किसान चंद्रभान सिंह ने बताया कि 7 बीघा गेहूं की फसल बोई थी जो की पानी आने से पूरी तरह बर्बाद हो गई है अब अनाज के लिए और पशुओं के लिए समस्या खड़ी हो गई है।
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