शहर के होटलों में आतंकी घटना होने पर बचाव आपरेशन कैसे किया जाए। इसके लिए गाइड लाइन (एसओपी) हर होटल में रखी जाएगी। एसओपी होटल के हिसाब से अलग-अलग होगी। प्रत्येक होटल में सुरक्षा की दृष्टि से सीसीटीवी कैमरे लगाने होंगे।
पुलिस लाइन में रविवार को एसएसपी राजेश मोदक ने होटल मालिक और मैनेजरों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि अधिकांश होटलों में सीसीटीवी कैमरे अंदर तो लगे हैं, लेकिन बाहर की ओर नहीं। होटलों में सीसीटीवी कैमरे लगे हों। प्रत्येक पर्यटक की आईडी जरूर ली जाए। फार्म सी को आनलाइन किया जाएगा, जिससे होटल विदेशी पर्यटकों की सूचना तुरंत दे सकेंगे। पुलिस होटलों में एक विजिटर बुक रखेगी। इसमें पर्यटक शहर और पुलिसिंग के बारे में अपने अनुभव और सुझाव दे सकेंगे। इनसे पुलिस फीडबैक लेगी। होटलकर्मियों का सत्यापन भी कराएंगे।
उन्होंने बताया कि पांच सितारा होटलों में सुरक्षा की गाइड लाइन के लिए 15 दिन के अंदर एसओपी रखे जाएंगे। इसकी जिम्मेदारी पर्यटन पुलिस की है। इसमें आतंकी हमला होने की स्थिति में पुलिस का आपरेशन कैसे हों। इसका पूर्व प्लान होगा। कहां से पर्यटक निकाले जाएं। कहां से आपरेशन शुरू होगा। इन सबकी जानकारी होगी। एसएसपी ने होटल कर्मचारियों को समय-समय पर रिहर्सल करवाने का भी सुझाव दिया। बैठक में होटल रेडिसन, जेपी पैलेस, आईटीसी मुगल, क्लार्कशीराज के प्रतिनिधि, होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश चौहान, संदीप अरोड़ा, नरेंद्र गुप्ता, राजेश कालिया, आशू भाई, होटल ऑनर्स एसोसिएशन के अविनाश, सुरेश खन्ना आदि मौजूद रहे। एएसपी शैलेश पांडेय, सीओ एलआईयू योगेश पाठक, सीओ सदर असीम चौधरी आदि उपस्थित थे।